ऑटो रिक्शा चालकों को पुलिस, सेना और रेलवे में नौकरी लगवाने का झांसा दे ठगे 1.35 करोड़ रुपये

पुलिस ने शिकायत पर बिहार के 3 व्यक्तियों व 1 महिला के खिलाफ मामला दर्ज किया है
Publish Date:Mon, 26 Oct 2020 09:55 AM (IST) Author: Manoj Kumar

हांसी (हिसार) जेएनएन। बिहार के ठगों ने भारतीय सेना, सशस्त्र बल, रेलवे आदि में नौकरी लगाने के नाम पर 25 युवकों से 1.35 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी कर ली। पुलिस ने बवानी खेड़ा निवासी ऑटो रिक्शा चालक दिलबाग की शिकायत पर बिहार के 3 व्यक्तियों व 1 महिला के खिलाफ मामला दर्ज किया है। ठगी के शिकार हुए ज्यादातर युवक ऑटो रिक्शा चलाने का काम करते हैं व कुछ खेती करते हैं।

शिकायतकर्ता दिलबाग ने बताया कि  चार साल पूर्व 2016 में एक दिन बस स्टैंड से एक सवारी को हिसार छोडऩे जा रहा था। रास्ते में उनकी नौकरी को लेकर बातचीत शुरू हो गई। उस व्यक्ति ने कहा कि वह भारतीय सेना में उसे नौकरी लगवा देगा। इसके बाद दोनों ने मोबाइल नंबर शेयर कर लिए। उस व्यक्ति ने अपनी पहचान बिहार के पटना निवासी हेमनारायण के रूप में बताई थी। आरोपित ने उसके भाई की भी नौकरी लगवाने की बात कही। दोनों भाइयों ने 6-6 लाख रुपये हेमनारायण द्वारा बताए गए खाते में जमा करवा दिए।

इसके बाद हेमनारायण अन्य साथियों के साथ कई बार हांसी आया। इस दौरान उन्होंने दिलबाग के साथ ऑटो चलाने वाले कई अन्य युवकों को भी नौकरी लगाने के झांसे में लेते हुए उनसे लाखों रुपये ले लिए। ठगों ने बवानीखेड़ा, हांसी, ढाणा आदि इलाकों के करीब 25 युवकों से 1.35 करोड़ रुपये ले लिए। पुलिस ने दिलबाग की शिकायत पर बिहार के पटना निवासी हेमनारायण, राजेश, कमल व विनीता के खिलाफ धोखाधड़ी व अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।

फर्जी नियुक्तिपत्र लेकर पहुंच गए रांची

ठगों ने 2018 में युवकों से दस्तावेज लेकर उन्हें सेना में सिपाही के नियुक्तिपत्र दे दिये। युवक झारखंड के रांची में स्थित आर्मी कैंप में पहुंच गए। वहां जाकर पता चला कि नियुक्तिपत्र फर्जी हैं। युवकों ने हेमनारायण से संपर्क किया तो वह काफी दिनों तक बहाने बनात रहा। बाद में उसने अपना मोबाइल नंबर ही बंद कर लिया।

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एक ऑटो चालक ने बिहार के कुछ व्यक्तियों पर नौकरी लगवाने के नाम पर 1.35 करोड़ की ठगी करने का आरोप लगाया गया है। मामला दर्ज कर लिया है। जांच कर रहे हैं।

----एएसआइ, अशोक कुमार, जांच अधिकारी

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