School Reopen Update: गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, रेवाड़ी और सोनीपत में खुले स्कूल, जानें- गाइडलाइन

फिलहाल सरकार ने अभी नौवीं से 12वीं कक्षा तक के छात्रों को स्कूल बुलाकर शिक्षा प्रदान करने की छूट दी है। निजी विद्यालय प्रबंधकों व प्रधानाचार्यों ने भी इसकी तैयारी की जिसका असर शुक्रवार सुबह से दिखाई दे रहा है।

Jp YadavFri, 16 Jul 2021 08:53 AM (IST)
School Reopen Update: गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, रेवाड़ी और सोनीपत में खुले स्कूल, जानें- गाइडलाइन

फरीदाबाद/गुरुग्राम, जागरण संवाददाता। दिल्ली से सटे हरियाणा के जिलों में शुक्रवार सुबह से स्कूल खुल गए हैं। प्रदेश सरकार की ओर से जारी निर्देश के बाद शुक्रवार से गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत, पलवल समेत सभी जिलों में स्कूल खुले हैं। फिलहाल सरकार ने अभी नौवीं से 12वीं कक्षा तक के छात्रों को स्कूल बुलाकर शिक्षा प्रदान करने की छूट दी है। निजी विद्यालय प्रबंधकों व प्रधानाचार्यों ने भी इसकी तैयारी की, जिसका असर शुक्रवार सुबह से दिखाई दे रहा है। 

बृहस्पतिवार को राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय एनआइटी तीन में प्रधानाचार्य रविंद्र मनचंदा ने अध्यापकों के साथ बैठक उन्हें सरकार द्वारा जारी नियमों से अवगत कराते नजर आए। छात्रों के स्वागत के लिए विद्यालयों में साफ-सफाई एवं बैठने के दौरान उचित शारीरिक दूरी बनाने के लिए व्यवस्था होती नजर आई।

कोरोना संक्रमण कमजोर होने पर लिया गया निर्णय

कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के चरम पर होने पर प्रदेश सरकार ने विद्यालयों को बंद करने के निर्देश दिए थे। अब स्थितियां सामान्य होने पर सरकार ने शुक्रवार से 50 फीसद क्षमता से स्कूल खोलने का फैसला लिया। अगले सप्ताह 23 जुलाई से छठी से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के लिए स्कूल खुले जाएंगे। एनआइटी नंबर तीन के प्रधानाचार्य रविंद्र मनचंदा के अनुसार अध्यापकों को यह निर्देश दिए गए कि वह सुनिश्चित करें कि विद्यार्थी एक दूसरे के संपर्क नहीं आएं।

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जानिये- गाइडलाइन

कक्षा में भी छात्रों के तापमान को रिकॉर्ड किया जाएगा। अभिभावकों की अनुमति के बिना आने वाले छात्रों को कक्षाओं में प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा। स्कूल खुलने एवं बंद होने पर प्रत्येक कक्षा सहित शौचालय, पुस्तकालय एवं प्रयोगशाला को सैनिटाइज किया जा रहा है। कक्षा में सैनिटाइजर की भी व्यवस्था रखी जाएगी। हर आधे घंटे बाद छात्रों के हाथों को सैनिटाइज करवाया जाएगा। इसके अलावा उन छात्रों को अलग से डाटा तैयार किया जा रहा है, जो 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र के हैं उनके लिए टीकाकरण की व्यवस्था की जाएगी। ज्यादातर स्कूलों को कहना है कि हमारे पास पर्याप्त संख्या में कमर हैं और 50 फीसद छात्रों को ही बुलाया गया। शेष 50 फीसद को शनिवार को बुलाया जाएगा। बच्चों को एक दूसरे के संपर्क में नहीं आने दिया जाएगा। हमारा सैनिटाइजेशन पर विशेष ध्यान रहेगा। छात्र-छात्राओं को लंच के लिए समय नहीं मिलेगा पानी पीने के लिए भी कक्षा से बाहर नहीं जा सकेंगे। माता-पिता की लिखित अनुमति के बाद ही छात्रों को स्कूल में प्रवेश की अनुमति मिलेगी। स्कूल में प्रवेश के दौरान सुबह पहले 20 मिनट बच्चों की थर्मल स्क्रीनिंग होगी। कक्षा में एक बेंच पर सिर्फ एक बच्चा बैठेगा और अधिकतम 30 छात्र एक कक्षा में बैठ सकते हैं।

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 शिक्षा अधिकारी सहित अन्य रहेंगे सक्रिय

जिला शिक्षा अधिकारी रितु चौधरी सहित दोनों खंड शिक्षा अधिकारी भी सक्रिय रहेंगे और स्कूलों का औचक निरीक्षण करके यह देखेंगे कि विद्यालय प्रबंधक कोरोना के नियमों पालन कर रहे हैं या नहीं। इसकी रिपोर्ट बनाकर उच्च अधिकारियों को सौंपेंगे।

हम पूरी तरह से तैयार है। सभी विद्यालयों ने अपनी बैठक एवं सैनिटाइजेशन करने की व्यवस्था के बारे में रिपोर्ट बनाकर दे दी है। निजी एवं राजकीय विद्यालयों को सख्त निर्देश दिए है कि वह छात्र पर स्कूल आने का दबाव नहीं बनाएंगे। -रितु चौधरी, जिला शिक्षा अधिकारी

जेसी बोस यूनिवर्सिटी

जेसी बोस (वाईएमसीए) यूनिवर्सिटी प्रशासन ने 2021-22 के शिक्षा सत्र से पांच स्नातक और स्नातकोत्तर में एक पाठ्यक्रम शुरू करने का निर्णय लिया है। इसके तहत रोबोटिक्स एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस व एनवायरमेंट (पर्यावरण) इंजीनियरिंग में बीटेक और जीव विज्ञान बीएससी, बीकाम और सामाजिक कार्य में बीए आनर्स शुरू करने जा रहे हैं। इसके अलावा एनीमेशन एवं मल्टी मीडिया में एमएससी कोर्स भी होगा।

कुलपति प्रो.दिनेश कुमार ने कहा कि रोबोटिक्स एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस व एनवायरमेट इंजीनियरिंग की कक्षाएं 30-30 सीट के साथ शुरू की जा रही हैं। इसका उद्देश्य छात्रों को रोजगार के नए अवसरों के लिए तैयार करना है। एनवायरमेंट इंजीनियरिंग अपशिष्ट और जल प्रबंधन, वायु प्रदूषण, ध्वनि प्रदूषण, सीवेज निपटान के अलावा ग्लोबल वार्मिंग एवं सतत विकास के लिए जरूरी नवीनीकरण ऊर्जा के उपायों जैसे पर्यावरणीय मुद्दों से परिचित करवाएगा। जीव विज्ञान में बीएससी पाठ्यक्रम 60 सीटों से शुरू हो रहा है। विद्यार्थी बीकाम तथा सामाजिक कार्य में बीए आनर्स जैसे पाठ्यक्रम में पढ़ाई कर सकते हैं। दोनों पाठ्यक्रम क्रमश: 60 और 45 सीटों से शुरू किए जा रहे हैं। एनिमेशन एवं मल्टीमीडिया में एमएससी 20 सीट से शुरू किया जा रहा है।

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