भगवान की कृपा पाने को करें मानव सेवा

एनआइटी डबुआ कालोनी स्थित श्री 1008 आदिनाथ दिगंबर जैन मंदिर की ओर से चल रहे पंच कल्याणक उत्सव का सोमवार को समापन किया गया।

JagranMon, 29 Nov 2021 07:50 PM (IST)
भगवान की कृपा पाने को करें मानव सेवा

जागरण संवाददाता, फरीदाबाद : एनआइटी डबुआ कालोनी स्थित श्री 1008 आदिनाथ दिगंबर जैन मंदिर की ओर से चल रहे पंच कल्याणक उत्सव का सोमवार को समापन किया गया। समारोह में सत्संग तथा भजन-कीर्तन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुनिश्री मंगलानंद सागर तथा प्रतिष्ठाचार्य धीरज भैया ने

प्रवचनों से मानव सेवा पर जोर दिया। मुनिश्री मंगलानंद सागर ने कहा कि जीवन में आगे बढ़ना है, तो मानव सेवा करो। देश और समाज के कार्यों में समय लगाएंगे, तो प्रतिष्ठा बढ़ेगी। बाल ब्रह्मचारी प्रतिष्ठाचार्य धीरज भैया ने कहा कि सबके प्रति समानता का भाव रखें। किसी भी व्यक्ति के प्रति कोई भेदभाव न करें। प्रेमभाव रखेंगे, तो भगवान की कृपा होगी। मंदिर की ओर से संरक्षक आइएस जैन तथा अध्यक्ष अरुण गुप्ता ने प्रतिष्ठाचार्य धीरज भैया को सम्मानित किया और उनकी सेवाओं की सराहना की। छह दिन तक चले इस उत्सव में शामिल लोगों ने अपने अनुभव साझा किए। आइएस जैन ने कहा कि इस तरह के आयोजन से बहुत कुछ सीखने को मिलता है। देश और समाज के प्रति सेवा भावना विकसित होती है।

---------

छह दिवसीय उत्सव के दौरान प्रवचन सुने, तो जीवन का अर्थ समझ में आया। परोपकार के महत्व का पता चला।

-रेनू जैन।

-----------

आज बहुत से लोग तनाव में हैं। ऐसे में जब हम महापुरुषों के वचन सुनते हैं और उस पर अमल करने की कोशिश करते हैं, तो आनंद मिलता है।

-सविता जैन।

----------

ऐसे कार्यक्रमों से जुड् कर युवाओं को भी बहुत कुछ सीखने को मिलता है। मुझे भी कार्यक्रम में हिस्सा लेकर

अच्छा लगा।

-ऋचा जैन।

----------

जैन मुनि के प्रवचन बच्चों को संस्कारवान बनाते हैं। मंदिर का उत्सव सराहनीय रहा।

-शीला जैन।

----------

मुझे छह दिन के कार्यक्रम के दौरान हर दिन कुछ न कुछ सीखने को मिला है। आयोजकों को बधाई।

-सुनीता जैन।

--------

हमारी पूरी टीम ने कार्यक्रम को सफल बनाया। हम प्रयास करेंगे कि आगे भी ऐसे कार्यक्रम होते रहें।

-संगीता जैन, अध्यक्षा, महिला मंडल, जैन मंदिर।

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

Tags
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.