डोर टू डोर ऑक्सीजन रिफिल व्यवस्था से 57 मरीजों को घर पर मिली ऑक्सीजन

डोर टू डोर ऑक्सीजन रिफिल व्यवस्था से 57 मरीजों को घर पर मिली ऑक्सीजन

ऑक्सीजन आपूर्ति के जिला नोडल अधिकारी एवं एसडीएम बहादुरगढ़ हितेंद्र कुमार ने बताया कि होम आइसोलेट मरीजों को डोर टू डोर व्यवस्था और अस्पतालों में उपचाराधीन मरीजों के लिए मांग के अनुसार ऑक्सीजन आपूर्ति की जा रही है।

JagranFri, 14 May 2021 06:20 AM (IST)

जागरण संवाददाता, बहादुरगढ़:

ऑक्सीजन आपूर्ति के जिला नोडल अधिकारी एवं एसडीएम बहादुरगढ़ हितेंद्र कुमार ने बताया कि होम आइसोलेट मरीजों को डोर टू डोर व्यवस्था और अस्पतालों में उपचाराधीन मरीजों के लिए मांग के अनुसार ऑक्सीजन आपूर्ति की जा रही है। जो मरीज अस्पतालों में उपचाराधीन हैं, वे डोर टू डोर ऑक्सीजन सिलेंडर रिफिलिग के लिए आवेदन न करें। उपचाराधीन मरीजों के लिए अस्पताल में ही जरूरत के अनुसार ऑक्सीजन उपलब्ध करवाई जा रही है।

डोर टू डोर ऑक्सीजन रिफिल व्यवस्था के जिला नोडल अधिकारी रमित यादव (एचसीएस ) ने बताया कि होम आइसोलेट मरीज ऑक्सीजन लेवल की कमी या डॉक्टर द्वारा दिए परामर्श के बाद मरीज को ऑक्सीजन सिलेंडर रिफिल की होम डिलवरी के ऑनलाइन आवेदन करना होगा। निष्पक्ष एवं पारदर्शी व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऑनलाइन प्रणाली अपनाई गई है। आवेदक डब्लयू डब्लयू डब्लयू डॉट ऑक्सीजनएचआरवाई डॉट इन पर ऑनलाइन आवेदन करें। पंजीकरण करने में किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर आवेदक हेल्पलाइन नंबर 8559893911 या 1075 पर डायल कर सकते हैं। रमित यादव ने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा डी टाइप ऑक्सीजन सिलेंडर की रिफिल 250 रुपये तथा बी टाइप ऑक्सीजन सिलेंडर की रिफिल के लिए 107 रुपये की राशि निर्धारित की गई है। अगर आवेदक अपने घर पर सिलेंडर मंगवाना चाहेगा तो उसके लिए वाहन का किराया भी अलग से देना होगा। वाहन का किराया प्रति डी टाइप सिलेंडर के लिए 100 रुपये तथा बी टाइप सिलेंडर के लिए 50 रुपये तय किए गए हैं। उन्होंने बताया कि अब मिले आवेदनों के आधार पर 57 मरीजों को डोर टू डोर ऑक्सीजन रिफिल व्यवस्था के तहत ऑक्सीजन उपलब्ध करवा दी गई है। रमित ने बताया कि डोर टू डोर ऑक्सीजन रिफिल व्यवस्था के तहत आवेदक को डब्लयू डब्लयू डब्लयू डॉट ऑक्सीजनएचआरवाई डॉट इन पर क्लिक करना होगा। साइट पर मरीज का नाम, आयु, मरीज का आधार कार्ड नंबर, पता जहां आक्सीजन सिलेंडर डिलीवर होना है। जिला, सिलेंडर साइज, मरीज का एसपीओ-दो लेवल, ऑक्सीमीटर से ऑक्सीजन लेवल दर्शाते हुए फोटो या डाक्टरी परामर्श आदि वर्णन भरना होगा। इस पोर्टल पर पंजीकृत होने के बाद आवेदन समाज सेवी संस्था और रैडक्रास सोसायटी के पास रिफलैक्ट हो जाएगा। इस कार्य में जनसेवा की भावना से कार्य कर रही समाज सेवी संस्था को भी यह सुनिश्चित करना होगा कि आवेदक को सही मायनों में ऑक्सीजन सिलेंडर जरूरत है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.