अदालत का फैसला, कोर्ट से कालका चौक तक यातायात दुरुस्त होने की जगी उम्मीद

जागरण संवाददाता, अंबाला शहर

अब जिला अदालत से कालका चौक तक यातायात सुगम होने की उम्मीद बंधी है। यातायात समस्या को लेकर स्थायी लोक अदालत ने बुधवार को अपना फैसला सुना दिया है। इस मामले में ट्रैफिक एसएचओ ने यातायात दुरुस्त रखने का खुद जिम्मा ले लिया। यदि यातायात बिगड़ेगा तो ट्रैफिक पुलिस सड़क पर जाम लगाने वाले या यातायात बाधित करने वाले पर कार्रवाई करेगी। यदि ट्रैफिक पुलिस कदम नहीं उठाती तो मामले को सिविल कोर्ट में चुनौती दी जाएगी।

बता दें कि बार एसोसिएशन के वकीलों ने जिला अदालत से लेकर कालका चौक तक बदहाल ट्रैफिक को लेकर स्थायी लोक अदालत पब्लिक यूटिलिटी कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। वकीलों ने 18 नवंबर 2015 में डीसी और डीसीपी को मामले में पार्टी बनाया था। इसके बाद से ही मामला अदालत में विचाराधीन था। मामले में 3 अक्टूबर 2016 को एएसआई चरणजीत ¨सह ने अदालत में बयान दर्ज करवाए थे। चरणजीत ने बताया था कि मामले में डीसी ने मी¨टग ली है, जिसमें चौक-चौराहों के एजेंडे पर चर्चा हुई। इसके अलावा जहां पर सड़कें कम चौड़ी हैं, उन्हें चौड़ा किया जाएगा और जिन जगहों पर रेड लाइट खराब पड़ी हैं उन्हें सुचारू किया जाएगा।

24 अक्टूबर 2016 को जवाब दावे में ट्रैफिक इंस्पेक्टर ने कहा कि अतिक्रमण नगर निगम अतिक्रमण हटा सकती है और ट्रैफिक को दुरुस्त रखने के लिए बाइक राइडर के साथ ओर गाड़ियां भी लगाई हैं। स्थायी लोक अदालत के चेयरमैन आरके वर्मा, मेंबर एसके आंगरा और एसके टकयार ने यातायात व्यवस्थित करने के आदेश दे दिए। - ट्रैफिक एसएचओ ने ली जिम्मेदारी

ट्रैफिक एसएचओ बल¨वद्र ¨सह ने अदालत में बयान दिया कि बतौर ट्रैफिक एसएचओ वह यातायात दुरुस्त रखने के लिए जिम्मेदार हैं। कालका चौक से जिला अदालत तक जाम न लगे इसके लिए ट्रैफिक कर्मी कमान संभालेंगे। जो यातायात बिगाड़ेगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - 19 वकीलों ने दी थी चुनौती

ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर 19 वकीलों ने अदालत में याचिका लगाई थी। इनमें टीएम ¨सह, विजय धीमान, राजेश शर्मा, सतपाल ¨सह, जब्बर चौधरी, संदीप चौहान, वीएस जसपाल, ज्ञान ग्रेवाल आदि रहे। - शहर की सबसे व्यस्त रहती है यह सड़क

जिला अदालत से लेकर कालका चौक तक एरिया में सड़क सबसे ज्यादा व्यस्त रहती है। क्योंकि हिसार, जींद कैथल, पिहोवा से चंड़ीगढ़ जाने वाले वाहनों को इसी हाइवे से गुजरना पड़ता है। दूसरा यह हाइवे शहर के बीचोंबीच से गुजर रहा है। इसी रोड पर कपड़ा मार्केट, जिला अस्पताल और शिक्षण संस्थान भी हैं।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.