Fact Check Story : गोवर्धन पर्वत को सरकार नहीं बेच रही है, वायरल पोस्‍ट फेक है

फरवरी में मथुरा में गोवर्धन पर्वत की शिला को ऑनलाइन बेचे जाने को लेकर काफी विरोध हुआ था। जिसके बाद गोवर्धन में इंडिया मार्ट के फाउंडर-सीईओ को-फाउंडर तथा मथुरा में कंपनी की एजेंसी लेने वाले के खिलाफ गंभीर धारा में केस दर्ज किया गया था।

Dhyanendra Singh ChauhanMon, 20 Sep 2021 05:52 PM (IST)
इस कटिंग को वायरल करते हुए लोग सरकार की आलोचना कर रहे हैं

विश्‍वास न्‍यूज (नई दिल्‍ली)। हिंदुओं की आस्‍था का प्रतीक गोवर्धन पर्वत को लेकर एक फेक खबर वायरल हो रही है। एक अखबार की पुरानी कटिंग को कुछ लोग अब वायरल करते हुए दावा कर रहे हैं कि सरकार इस पर्वत को बेचने जा रही है। इस कटिंग को वायरल करते हुए लोग सरकार की आलोचना कर रहे हैं।

विश्‍वास न्‍यूज ने वायरल पोस्‍ट की विस्‍तार से जांच की। इसके लिए ऑनलाइन टूल्‍स के अलावा मथुरा में भी संपर्क किया गया। गोवर्धन पर्वत यूपी के मथुरा में स्थित है। दरअसल फरवरी में मथुरा में गोवर्धन पर्वत की शिला को ऑनलाइन बेचे जाने को लेकर काफी विरोध हुआ था। जिसके बाद गोवर्धन में इंडिया मार्ट के फाउंडर-सीईओ, को-फाउंडर तथा मथुरा में कंपनी की एजेंसी लेने वाले के खिलाफ गंभीर धारा में केस दर्ज किया गया था। इस संबंध में स्‍थानीय मीडिया में काफी खबरें भी पब्लिश हुई थीं।

इस संबंध में विश्‍वास न्‍यूज ने मथुरा दैनिक जागरण के वरिष्‍ठ पत्रकार विनीत मिश्रा से भी संपर्क किया। उन्‍होंने बताया कि वायरल कटिंग का मामला पुराना है। उस वक्‍त एक ऑनलाइन वेबसाइट पर गोवर्धन पर्वत की एक शिला को बेचने का ऑफर दिया गया था। उस मामले में कंपनी के ऊपर केस भी दर्ज किया गया था।

जांच में यह भी पता चला कि उस वक्‍त एक अखबार में पब्लिश खबर को अब कुछ लोग फर्जी दावों के साथ वायरल कर रहे हैं। जबकि यदि खबर को ध्‍यान से पढ़ा जाए तो सच वहीं सामने आ जाता है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.