Lok Sabha Election 2019 : जानिए चुनावी समर में उतरे योद्धाओं के क्या हैं मुद्दे

जमशेदपुर, जेएनएन। Lok  Sabha Election 2019 लोकसभा चुनाव में जमशेदपुर संसदीय सीट पर ताल ठोक रहे प्रत्याशी अपने-अपने मुद्दे लेकर चुनावी समर में उतरे हैं। किसी का जोर शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने पर है, तो कोई जीतने पर बेरोजगारी खत्म करने को प्राथमिकता दे रहा है। कृषि-भ्रष्टाचार जैसे आम मुद्दों के साथ ही स्थानीयता, विस्थापन, महिला सुरक्षा को भी कई प्रत्याशियों ने अपने एजेंडे में रखा है। कुछ प्रत्याशियों ने राजनीतिक दलों से जुड़े मुद्दों को लेकर चुनावी मैदान में उतरने की बात कही है। दैनिक जागरण ने विभिन्न प्रत्याशियों से बातचीत कर पूछा कि उनका चुनावी मुद्दा क्या है। प्रस्तुत है प्रत्याशियों के चुनावी मुद्दे।

1. दीपक कुमार गिरी :

- सरकारी शिक्षा व्यवस्था में सुधार करना

- किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार

- बेरोजगारी को दूर भगाने का प्रयास

- स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं मुहैया कराना

- गरीबों को हक दिलाने के लिए संघर्ष

2. रंजीत कुमार  

- शहीदों को सम्मान दिलाना

- विस्थापितों को हक दिलाना

- जयपाल सिंह को भारत रत्न दिलाना

- भूमिज मुंडारी भाषा का प्रचार प्रसार

- ऐतिहासिक धरोहरों को सहेजना

3. सुरेंद्र कुमार पांडेय :

- जनप्रतिनिधियों को दायित्व समझाना

- महंगाई व भ्रष्टाचार पर लगाम लगाना

- समाज से बेरोजगारी को दूर करना

- जनता को हक के लिए जागरूक करना

- सरकारी शिक्षा व्यवस्था में सुधार करना

4. पानमनी सिंह 

- सही प्रत्याशी चुनने के लिए प्रेरित करना

- महिला अत्याचार को दूर करना

- समाज से बेरोजगारी को दूर करना

- गांव-गांव तक पानी-बिजली पहुंचाना

- किसानों के हित में काम करना। 

5. असजदुल्ला इमरान 

- समाज में समरसता कायम करना

- हर हाथ को काम मिले

- हर खेत को पानी मिले

- महिलाओं की सुरक्षा का हो

- कुपोषण का खात्मा हो

6. महेश कुमार : राइट टू रिकाल पार्टी

- लोकतांत्रिक तरीके से दंड देने का अधिकार जनता के पास हो।

- जनप्रतिनिधि, अधिकारी के लिए राइट टू रिकॉल की व्यवस्था लागू हो।

- देश, राज्य व जिला के स्तर पर जनमत संग्रह प्रक्रिया लागू हो।

- जीएसटी को समाप्त कर संपत्ति कर कानून को लागू किया जाए।

- साक्षात्कार की जगह लिखित परीक्षा के आधार पर चयन हो

7. अशरफ हुसैन : बसपा

- प्राइवेट शिक्षा के नाम पर हो रहे बाजारीकरण को रोकना।

- बिना भेदभाव हर वर्ग को स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराना

- भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाना। 

- अपराध पर नियंत्रण लाकर महिलाओं को सुरक्षित माहौल देना।

- देश में बढ़ती बेरोजगारी को दूर कर सरकारी रिक्तियों को भरा जाएगा। 

8. सूर्य सिंह बेसरा : झापीपा

- संसद में बहस कर देश और लोकतंत्र को मजबूत बनाना।

- जय झारखंड बोलो, सबको लेकर चलो और संसद में हल्ला बोलो।

- भाजपा को देश से भगाना, क्योंकि इस पार्टी से संविधान, आदिवासी व मूलवासी को खतरा।

- 90 प्रतिशत शिक्षित नौजवानों के लिए नवभारत का निर्माण करना। देश को भ्रष्टाचार मुक्त बनाना।

9. अखरीउद्दीन : झारखंड पार्टी नरेन

- घाटशिला में कोल्ड स्टोरेज व ब्लड बैंक की स्थापना करना। 

- बंद कर दिए गए सरकारी स्कूलों को खुलवाना

- आंगनबाड़ी कर्मियों का मानदेय प्रतिमाह 12 हजार रुपये करना।

- केबल कंपनी और धालभूमगढ़ की स्लीपर फैक्ट्री को फिर से शुरू कराना।

- तीन माह में किसानों को सिंचाई की व्यवस्था सुनिश्चित कराना। 

10. अंगद महतो : आमरा बंगाली पार्टी

- प्रगतिशील उपयोग तत्व व्यवस्था को लागू कराना। 

- प्राथमिक से लेकर उच्च कक्षा तक बंग्ला माध्यम से पढ़ाई हो।

- लोगों को रोजगार उपलब्ध कराना।

- कार्यालयों में बंग्ला भाषा में कार्य हो।

- बंग्ला भाषा व सांस्कृति की रक्षा के लिए विशेष योजना बनना।

11. चंद्रशेखर महतो : पीपुल्स पार्टी ऑफ इंडिया (डेमोक्रेटिक)

- संविधान के सम्मान, सुरक्षा प्राथमिकता में शामिल है।

- संविधान के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए राष्ट्रीयकरण को बढ़ावा देना।

- युवाओं को रोजगार सुनिश्चित कराने जाने हेतु कठोर कदम उठाने की जरूरत है।

- शिक्षा में राष्ट्रीयकरण तथा वैज्ञानिक करण। ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था बेहतर करना।

- राज्य कृषि विकास निगम का गठन और कृषि क्षेत्र में अधिक रोजगार का व्यवस्था।

12. दिनेश महतो : निर्दलीय

- सभी किसानों के खेत में पानी पहुंचाना।

- शहरी क्षेत्रों के स्कूलों में मनमानी तरीके से फीस वृद्धि पर रोक लगाना।

- बिजली उपभोक्ताओं को दिए जा रहे अनाप-शनाप बिल पर रोक लगाना।

- ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षकों की बहाली कर बंद पड़े स्कूलों को फिर से चालू कराना।

- पारा शिक्षकों को स्थायी करना। ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करना। 

13. सविता कैवर्ती 

-शिक्षा में सुधार, ताकि हर वर्ग के बच्चे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पा सकें। 

-स्वास्थ्य सेवा में सुधार, ताकि गरीब-गुरबा को दर-दर भटकना न पड़े।

-बेरोजगारी दूर करने के लिए ठोस प्रयास।

-मानव अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर व्यापक प्रबंध

-निर्बाध बिजली और पानी की आपूर्ति सुनिश्चत करने के उपाय।

14. सरिता आनंद  

-सरकारी निरंकुशता व भेदभाव मिटाकर बिगड़ती स्वास्थ्य सुविधा में सुधार और जनता को जागरूक करना।

-पारा शिक्षा, सहिया, सेविका व संविदा कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान का प्रयास।

-महिलाओं को घर से बाहर निकाल कर सामाजिक जिम्मेदारियां लेने के लिए प्रोत्साहित करना। 

-झारंखडी अस्मिता को बहाल करने के लिए गुजराती अस्मिता से ऊपर ले जाने के प्रयास करना। 

-युवाओं को रोजगार देने के लिए व्यक्तिगत तौर ट्रेनिंग देकर हर साल तीन हजार युवाओं को रोजगार देना। 

15. कमर रजा खान  

-सरकारी स्कूलों का विलय खत्म करके सभी स्कूल फिर से खोलना।

-86 बस्तियों के लोगों को मालिकाना हक दिलाना। 

-गैर कंपनी इलाके में बिजली और पानी की अनवरत आपूर्ति सुनिश्चित करना। 

-बहरागोड़ा, घाटशिला आदि ग्रामीण इलाकों में बिजली, पानी व सड़क की अच्छी सुविधा बहाल करना। 

-महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी संभव प्रयास करना। 

16. शैलेश कुमार सिंह 

-सरकारी शिक्षा में सुधार के लिए हर संभव प्रयास करना। 

-गरीबी को दूर करने के लिए जमीनी स्तर से शुरुआत करके तमाम जरूरी उपाय करना।

-बेरोजगारी दूर करने के लिए रोजगार सृजन के सभी संभव अवसर पैदा करना। 

-किसानों को सिंचाई व पेयजल की सुविधा उपलब्ध कराना। 

-झारखंड के डैम का पानी दूसरे राज्यों जाने से रोकना ताकि यहां के किसानों को वर्ष भर सिंचाई की सुविधा मिले। 

17. चंपई सोरेन, झामुमो 

- भाजपा सरकार में जो 14 हजार प्राथमिक विद्यालय बंद हुए हैं उन्हें दोबारा चालू कराना।

- जिले के ग्रामीण इलाकों से 16 हजार युवाओं का रोजगार के लिए पलायन हुआ है। पलायन रोकना और रोजगार के अवसर पैदा करना। 

- तकनीकी विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति भाजपा सरकार ने बंद कर दी है। इसे दोबारा चालू कराना।

- सभी गांवों में पक्की सड़कें और पेयजल की व्यवस्था कराना।

- युवाओं को कुशल बनाने के लिए शहरों में मेगा स्किल सेंटर खोलना।

18. विद्युतवरण महतो, भाजपा

- धालभूमगढ़ में एयरपोर्ट बने

- केंद्र सरकार की योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचें

- जमशेदपुर वाया पटमदा पुरुलिया तक रेल लाइन का निार्माण

- एनएच 33 के बचे हुए फोरलेन  के काम को पूरा कराना।

- गांवों तक पक्की सड़कों का निर्माण

19. मुबीन खान, निर्दल

- मजदूरों पर शोषण रोकना। कंपनियां अक्सर उन पर झूठा आरोप लगा कर उन्हें बर्खास्त कर देती हैं। 

- कंपनी के लोग गरीबों का घर उजाड़ देते हैं, इन्हें रोकना। 

- बेरोजगारी खत्म करना। 

- ङ्क्षहदू-मुस्लिम के बीच एकता कायम करने के लिए काम करना। 

- गरीबों के लिए मुफ्त शिक्षा की व्यवस्था। 

20. मलय कुमार महतो, सीपीआइ (एमएल) रेड स्टार

- राज्य में सिंचाई की व्यवस्था

- औद्योगिक प्रदूषण 

- इमरजेंसी प्रीपेडनेस सर्विस पर फोकस

- शिक्षा व्यवस्था में सुधार

- आदिवासी-मूलवासी के अस्तित्व को बचाने की प्राथमिकता

21. अंजना महता, तृणमूल कांग्र्रेस

- शिक्षा में सुधार

- चिकित्सा व्यवस्था में सुधार

- बेरोजगारी दूर करना 

- कृषि व सिंचाई व्यवस्था में सुधार

- गरीबों का राशन कार्ड मुहैया कराना

22. असित कुमार सिंह 

- सबके लिए समान शिक्षा प्रणाली लागू करना। 

- चिकित्सा का व्यवसायीकरण रोकना। 

- कल-कारखानों और सरकारी सुविधाओं के निजीकरण को रोकना। 

- नशा उन्मूलन को प्राथमिकता और शराबबंदी लागू करना। 

- ग्रामीण इलाकों में रोजगार के अवसर पैदा करना। 

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