एक औरत से ऐसे अपराध की कल्पना नहीं की जा सकती सोनू पंजाबन पर कोर्ट की सख्त टिप्पणी

Sonu Punjaban गीता अरोड़ा उर्फ सोनू पंजाबन को सजा सुनाते हुए कोर्ट ने कहा कि एक इंसान होने के नाते इस तरह का अपराध करने वालों को माफी नहीं दी जा सकती।

JP YadavThu, 23 Jul 2020 08:11 AM (IST)
'एक औरत से ऐसे अपराध की कल्पना नहीं की जा सकती' सोनू पंजाबन पर कोर्ट की सख्त टिप्पणी

नई दिल्ली [सुशील गंभीर]। Sonu Punjaban alias Geeta Arora: देह व्यापार की क्वीन कही जाने वाली गीता अरोड़ा उर्फ सोनू पंजाबन को 24 साल की सजा सुनाते हुए द्वारका अदालत के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश प्रीतम सिंह ने तल्ख टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि एक औरत इस तरह का अपराध करे, यह कल्पना नहीं की जा सकती। इंसान होने के नाते इस तरह का अपराध करने वालों को माफी नहीं दी जा सकती। बता दें कि द्वारका कोर्ट ने बुधवार को अहम फैसले में सोनू पंजाबन के साथ 20 साल की सजा पाने वाले दूसरे दोषी संदीप बेदवाल के लिए भी अदालत ने कहा कि 12 साल की एक बच्ची की जिंदगी को खराब करने की शुरुआत उसने की। इसकी वजह से वह ऐसी दुनिया में पहुंच गई, जहां से निकल पाना मुश्किल होता है।

गौरतलब है कि सोनू पंजाबन और संदीप बेदवाल को विगत 16 जुलाई को मानव तस्करी, बच्ची के अपहरण और देह व्यापार का धंधा कराने में दोषी करार दिया गया था। बुधवार को वीडियो कान्फ्रेंसिंग के जरिए सजा पर बहस हुई। अतिरिक्त लोक अभियोजक योगेंद्र अडारी ने अदालत को बताया कि संदीप बेदवाल ने कई दिन तक पीडि़ता का पीछा कर उससे अपनी पहचान बनाई और उसका अपहरण किया। उसे अपने जन्मदिन का झूठा झांसा देकर साथ ले गया। उसका दुष्कर्म करने के बाद उसे बेच दिया। अगर संदीप ऐसा न करता तो एक बच्ची की जिंदगी खराब होने से बच जाती। इस बात का ध्यान रखते हुए अदालत ने संदीप को अपहरण के लिए 10 साल और दुष्कर्म के लिए 10 साल कठोर कारावास की सजा दी।

अदालत ने कहा कि एक सजा पूरी होने के बाद दोषी को दूसरी सजा काटनी होगी। वहीं, सोनू के लिए योगेंद्र अडारी ने दलील दी कि उसने पीडि़ता का इस्तेमाल कर पैसा कमाया। जब तक पीड़िता उसके कब्जे में रही उसके साथ ऐसा बर्ताव किया जाता था, जो इंसानियत को शर्मसार कर दे। लिहाजा दोषी सोनू को सख्त से सख्त सजा दी जाए। इस दलील पर गौर करते हुए अदालत ने अपहरण के लिए 10 साल और देह व्यापार कराने के लिए 14 साल कठोर कारावास की सजा दी। साथ ही अदालत ने आदेश दिया कि पीड़िता को सात लाख रुपये मुआवजा दिया जाए।

जानें- सोनू पंजाबन के बारे में

करीब 19 साल पूर्व देह व्यापार के धंधे में आई गीता अरोड़ा उर्फ सोनू पंजाबन का दिल्ली में दबदबा रहा है। सोनू ऑटो चलाने वाले पिता के साथ गीता कॉलोनी में रहती थी, लेकिन बदनामी के चलते उसने गीता कॉलोनी छोड़ दी और दक्षिणी दिल्ली के सैदुलाजाब में आलीशान फ्लैट खरीद लिया।। वर्ष 2009 में गीता कॉलोनी की ही रहने वाली 13 साल की किशोरी को सोनू सैक्स रैकेट के धंधे में ले आई थी। कुछ समय तक तो वह खुद उससे वैश्यावृत्ति कराती रही फिर लखनऊ में उसे बेच दिया गया। नवंबर 2012 में उसने जेल में नींद की गोलियां खाकर आत्महत्या करने का नाटक भी किया था। सोनू पंजाबन ने कुल 4 शादियां की और सभी एनकाउंटर में मारे गए।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.