पूर्व भारतीय कप्तान ने पाकिस्तानी क्रिकेटरों के लिए बनाया लजीज पकवान, किताब में हुआ खुलासा

The Sardar of Spin बुक में इस बात का खुलासा हुआ है कि पूर्व भारतीय कप्तान बिशन सिंह बेदी ने एक बार पाकिस्तान के क्रिकेटरों के लिए लजीज पकवान बनाया था। आस्ट्रेलिया में उन्होंने पाकिस्तानी क्रिकेटरों को खाने पर बुलाया था।

Vikash GaurSun, 26 Sep 2021 08:27 PM (IST)
बिशन सिंह बेदी ने अपनी किताब में कई खुलासे किए हैं

नई दिल्ली, पीटीआइ। भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज स्पिनर बिशन सिंह बेदी ने आस्ट्रेलिया में एक बार जहीर अब्बास, जावेद मियांदाद, मुदस्सर नजर और पाकिस्तान के दूसरे क्रिकेटरों को खाने पर आमंत्रित किया था, जिसमें उन्होंने लगभग 25 मेहमानों के लिए लजीज पकवान बनाया था। बेदी के द्वारा स्वादिष्ट खाना बनाने का जिक्र उनकी जिंदगी पर आधारित नई किताब 'द सरदार आफ स्पिन : ए सेलिब्रेशन आफ द आर्ट एंड आफ बिशन सिंह बेदी' में है।

बेदी शनिवार को 75 साल के हो गए। इस मौके पर उनके पूर्व साथी दोस्त और क्रिकेट बिरादरी के प्रशंसकों ने उन्हें शुभकामनाएं दीं। पूर्व प्रथम श्रेणी क्रिकेटर और भारतीय टीम के पूर्व मैनेजर वेंकट सुंदरम ने इस किताब के लिए अपने लेख में अन्य बातों के अलावा बेदी की खाना बनाने की विशेषता का उल्लेख किया है। उन्होंने लिखा, "मैं आस्ट्रेलिया के तस्मानिया में था तभी फोन की घंटी बजी और दूसरी तरफ बिशन सिंह बेदी थे। उन्होंने मुझे बताया कि पाकिस्तान टीम तस्मानिया के खिलाफ मैच खेलने के लिए लाउंसेस्टन में होगी और वह उन्हें रात के खाने के लिए आमंत्रित करना चाहते हैं।"

"बेदी ने कहा कि वह वहां से लगभग 70 किलोमीटर दूर हैं और खाना बनाने के सामान और कुछ बर्तनों के साथ मेरे दोस्त के घर पर मिलेंगे। हम सब साथ मिलकर कुछ अच्छा बनाएंगे। बेदी को हमेशा से खाने बनाने का शौक रहा है और मुझे पता था कि वह एक बार फिर स्वादिष्ट खाना बनाएंगे। हम तीन परिवारों के लोगों ने साथ मिलकर लगभग 25 मेहमानों के लिए खाना बनाया। हमारे पास बर्तन छोटे थे इसलिए कुछ पकवानों को दो-तीन बार में बनाना पड़ा। हमें खाना बनाने में सात घंटे लगे।"

बिशन पाजी समय से आते थे : तेंदुलकर

दिग्गज बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर ने उस समय के बारे में लिखा है जब बेदी भारतीय टीम के कोच थे। तेंदुलकर ने लिखा, "हमें मैचों के लिए तैयार करने के मामले में बिशन पाजी समय से आगे थे। वह नेट अभ्यास सत्र को गंभीर तरीके से संचालित करते थे और कई बार बल्लेबाजों को खुद भी गेंदबाजी करने लगते थे। वह बहुत प्रतिस्पर्धी थे, वह बल्लेबाज को बाहर निकलने या किसी खास लक्ष्य पर हिट करने के लिए चुनौती देते थे। जब वह ऐसे मुकाबलों को जीतते थे तो काफी खुश होते थे। मुझे नेट्स में उसका सामना करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ और यह स्पष्ट था कि वह उस समय भी एक बल्लेबाज को अपनी चतुराई से फंसाने पर काम कर रहे थे।"

बायें हाथ के सर्वश्रेष्ठ स्पिनर : गावस्कर

दिग्गज सुनील गावस्कर ने बेदी को इस खेल का बायें हाथ का सर्वश्रेष्ठ स्पिनर बताया। गावस्कर ने लिखा, "अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वसीम अकरम के आने से पहले बिशन सिंह बेदी सबसे अच्छे बायें हाथ के गेंदबाज थे। मुझे लगता है अब कोई कह सकता है कि बिशन सिंह बेदी सबसे अच्छे बायें हाथ के स्पिनर रहे हैं और वसीम अकरम सबसे अच्छे बायें हाथ के तेज गेंदबाज रहे हैं।"

कपिल पर भड़के थे बेदी

इस किताब के विमोचन के मौके पर विश्व कप विजेता कप्तान कपिल देव ने उनसे जुड़े कई किस्से साझा किए। कपिल ने बताया कि एक टेस्ट में बेदी उन पर उन पर भड़क उठे कि वह नाइट वाचमैन की भूमिका सही तरह से नहीं निभा रहे हैं। कपिल ने कहा कि बेदी मेरे कप्तान थे। उन्होंने मुझे बल्लेबाजी के लिए भेजा और नाइट वाचमैन की भूमिका निभाने को कहा। यह शब्द मैंने पहली बार सुना था और मुझे नहीं मालूम था कि नाइट वाचमैन क्या करता है। मैंने 16 गेंदों में 22-25 रन बनाए और आउट हो गया। मैं बहुत खुश था कि कप्तान मेरी तारीफ करेंगे, लेकिन जब मैं ड्रेसिंग रूम में लौटा, तो बेदी मुझ पर बुरी तरह भड़क उठे। उन्होंने कहा कि हनुमान तुम क्या कर रहे थे। तुम नाइट वाचमैन का मतलब भी नहीं जानते। तुम डिफेंस करना नहीं जानते। अब कभी भी बतौर नाइट वाचमैन बल्लेबाजी के लिए नहीं जाओगे।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.