रईस बनने के लिए अपनाना होगा सेहत बनाने से जुड़ा यह फॉर्मूला, तभी होंगे साठ के बाद ठाठ

Mutual Fund calculator Covid महामारी के दौरान भी बाजार धारणा जोखिम पर ध्यान और मुनाफे पर फोकस के बीच झूलती रही। बीते साल जोखिम के प्रबंधन पर ध्यान था अब अधिकतम मुनाफा कमाने के आसपास ध्यान है।

Ashish DeepWed, 22 Sep 2021 02:39 PM (IST)
Financial Planning के लिए खास योजना बनाना जरूरी है। (Pti)

नई दिल्‍ली, अजित मेनन। Covid महामारी के दौरान भी बाजार धारणा जोखिम पर ध्यान और मुनाफे पर फोकस के बीच झूलती रही। बीते साल जोखिम के प्रबंधन पर ध्यान था, अब अधिकतम मुनाफा कमाने के आसपास ध्यान है। निवेशक प्रायः निवेश की योजना का चयन करते हुए एक खास तारीख को अंतिम साल में मुनाफे पर ध्यान केंद्रित करते हैं। ऐसा करना बहुत बड़ी चूक है। इसे मैं उदाहरण से साफ करना चाहूंगा। इसके पीछे विचार यह है कि किसी फंड के प्रदर्शन का मूल्यांकन करते समय अन्य पहलुओं के बारे में निवेशक को जागरूक किया जा सके।

आइए एक परिवार के मुखिया श्रीमान M का उदाहरण लेते हैं। श्रीमान एम चाहते हैं कि उनके परिवार के सदस्य, A और B, जो एकसमान उम्र के हैं, अपनी जीवनशैली को स्वस्थ बनाएं, नियमित व्यायाम करें और रोजाना की जिंदगी में पोषण का ध्यान रखें। वह जानते हैं कि दोनों ही अपनी लंबाई के हिसाब से ज्यादा वजन के हैं। उन्हें अगले 3 साल में वजन घटाने की चुनौती दी गई है और यह उपलब्धि हासिल करने पर उन्हें एक मोटा इनाम देने का वादा किया गया है। तीन साल पर A 21 किलो और B 19 किलो वजन कम कर पाता है। यह बिंदुवार आंकड़े हैं, जो चुनौती देने की शुरुआत और लक्ष्य की अवधि पूरा करने की तारीख के बीच के वजन का अंतर है। अगर सिर्फ वजन कम करना पैमाना है, तो A विजेता होगा।

लेकिन सवाल यह है कि क्या इन सदस्यों ने आपको पूरी कहानी सुनाई है? अगर वजन कम करने की पूरी यात्रा पर नजर डालें तो A ने पहले साल 6 किलो वजन कम किया, फिर दूसरे साल में 3 किलो वजन बढ़ा, वहीं तीसरे साल 18 किलो वजन कम हुआ। अगर B के आंकड़ों पर नजर डालें तो उसने पहले साल 5 किलो वजन घटाया, दूसरे साल 6 किलो और तीसरे साल 8 किलो वजन कम किया। इस हिसाब से देखें तो किसने खानपान और कवायद ज्यादा सही लगती है? अगर मकसद दोनों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाना था, तो क्या 21 सही तस्वीर पेश करता है? इस तरह बिंदुवार संख्या ले लेने का तरीका गलत है। हमारे आंकड़े में वजन घटाने के बिंदुवार आंकड़े की ही तरह बिंदुवार फंड के मुनाफे के आंकड़े देखना पूरी तस्वीर पेश नहीं करता, जिससे कि मुनाफे की मजबूती और फंड की निरंतरता का पता चल सके।

आप कल्पना करें की श्री M शुरुआत और अंतिम तारीख को वजन लेने की गलती से परिचित हैं और वह दोनों व्यक्तियों का वजन हर तिमाही की शुरुआत में लेने का फैसला करते हैं और तिमाही के अंत में वजन की तुलना करते हैं। वह जनवरी की शुरुआत में और मार्च के अंत में, फिर अप्रैल की शुरुआत में और जून के अंत में वजन लेते हैं और इस तरह की कवायद जारी रखते हैं। ऐसा करने पर उनके पास 12 तिमाहियों के आंकड़े होते हैं और इसका औसत देखने पर पता चल पाता है कि इस दौड़ में किसमें निरंतरता ज्यादा है। ऐसे में सहज रूप से हम पाएंगे कि B बेहतर स्थिति में है।

अगर इस तरीके को फंड के मुनाफे में अपनाते हैं तो इसे रोलिंग रिटर्न (Rolling return) कहा जाता है। इसमें सिर्फ बिंदुवार आंकड़े पर भरोसा करके निष्कर्ष नहीं निकाला जाता है, और यह आपके सामने निरंतरता की बेहतर तस्वीर पेश करता है।

सतत जीवनशैली के वास्तविक विजेता के चयन के लिए श्री M अब एक और मूल्यांकन कर सकते हैं। इसमें यह देखा जाना शामिल है कि इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए व्यक्ति कितना जोखिम ले सकता है। वजन घटाने की कवायद में विशिष्ट जोखिम क्या हैं? इसमें चरम पर जाकर खानपान नियंत्रित करना और व्यायाम करना संभवतः दीर्घावधि के हिसाब से टिकाऊ नहीं होगा और इसकी वजह से शरीर को नुकसान पहुंच सकता है। हमारे उदाहरण में अगर A अंतिम साल में खानपान को लेकर चरम पर जाता है और एक सीमा से ज्यादा कसरत करता है और वहीं B नियमित रूप से स्वस्थ खानपान और व्यायाम करता है तो ऐसे में A ने लक्ष्य हासिल करने के लिए ज्यादा जोखिम मोल लिया है। प्रति किलो वजन कम करने में A का जोखिम B की तुलना में ज्यादा था। मकसद हासिल करने के लिए लिये गए जोखिम के हिसाब से देखें तो B विजेता है। हालांकि बेहतर दौर में मुनाफे हेतु लिए गए जोखिम की मात्रा निकालना कठिन होता है, लेकिन सौभाग्य से हमारे लिए MF योजनाओं के मामले में इसका मापन आसानी से किया जा सकता है। तमाम अनुपात हैं, जो आपको नजरिया देते हैं कि मुनाफा देने के लिए फंड प्रबंधक ने किस तरह का जोखिम लिया है।

इस तरह से आप देख सकते हैं कि दो बिंदुओं पर आंकड़े लेकर हम अगर एक संख्या निकालते हैं तो इससे सही परिदृश्य सामने नहीं आ पाता है कि दीर्घावधि मकसद के हिसाब से असली विजेता कौन है। दीर्घावधि के लक्ष्य के हिसाब से देखें तो स्थिर और अनुशासित प्रक्रिया इसका मूल है, चाहे वह किसी व्यक्ति के स्वास्थ्य का लक्ष्य हो या एक योजना के लिए निवेश का लक्ष्य हो। निवेश की दुनिया में असल विजेता की पहचान के लिए एक संख्या के बजाय स्थिरता और जोखिम जैसे पहलुओं पर ध्यान देना जरूरी है, क्योंकि सिर्फ एक निश्चित संख्या पूरी तस्वीर पेश नहीं करती है। इन पहलुओं पर ध्यान देने या सलाहकार से सही सवाल पूछने से आपको सही चयन करने को लेकर बेहतर होने में मदद मिल सकेगी।

(लेखक पीजीआईएम इंडिया म्युचुअल फंड के सीईओ हैं। छपे विचार इनके निजी हैं।)

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.
You have used all of your free pageviews.
Please subscribe to access more content.
Dismiss
Please register to access this content.
To continue viewing the content you love, please sign in or create a new account
Dismiss
You must subscribe to access this content.
To continue viewing the content you love, please choose one of our subscriptions today.