Covid की दवाओं पर रियायत जारी रहेगी, कैंसर की दवाएं भी सस्‍ती कीं

GST Council ने कई फैसलों में कोविड-19 से संबंधित दवाओं पर रियायती दरों की समयसीमा को बढ़ाने का फैसला किया है। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने परिषद की 45वीं बैठक के समापन के बाद मीडिया को जानकारी देते हुए कहा हमने कुछ लोगों के अनुकूल निर्णय लिए हैं।

Ashish DeepSat, 18 Sep 2021 12:20 PM (IST)
कोविड दवाओं के लिए रियायती दरों की समयसीमा को बढ़ाकर 31 दिसंबर, 2021 कर दिया गया है। (Pti)

नई दिल्‍ली, बिजनेस डेस्‍क। GST Council ने कई फैसलों में कोविड-19 से संबंधित दवाओं पर रियायती दरों की समयसीमा को बढ़ाने का फैसला किया है। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने परिषद की 45वीं बैठक के समापन के बाद और कोविड-19 महामारी की शुरुआत के बाद पहली बैठक के बाद मीडिया को जानकारी देते हुए कहा, हमने कुछ लोगों के अनुकूल निर्णय लिए हैं।

उन्होंने कहा कि कोविड और संबंधित दवाओं के लिए शुल्क छूट और रियायती दरों की समयसीमा को 30 सितंबर से बढ़ाकर 31 दिसंबर, 2021 कर दिया गया है। सीतारमण ने कहा कि परिषद ने केवल व्यक्तिगत उपयोग के लिए आयातित मस्कुलर एट्रोफी के इलाज के लिए दवाओं पर कर छूट दी है और कैंसर के इलाज के लिए दवाओं पर शुल्क 12 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत कर दिया है।

पेट्रोलियम उत्पादों को जीएसटी में शामिल किए जाने के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि अधिकांश सदस्य मौजूदा समय में इस विचार का विरोध कर रहे हैं। सीतारमण ने कहा कि इस मुद्दे पर बैठक में विचार-विमर्श किया गया था, क्योंकि इसे केरल उच्च न्यायालय के आदेश के आधार पर अंतिम समय में एजेंडे में जोड़ा गया था।

उन्होंने कहा कि हालांकि, परिषद के सदस्यों ने पेट्रोलियम उत्पादों को जीएसटी के दायरे में लाने के लिए मौजूदा चरण को उपयुक्त समय के रूप में नहीं पाया। यह व्यापक रूप से अनुमान लगाया गया था कि पेट्रोल और डीजल की रिकॉर्ड उच्च कीमतों को कम करने के लिए इस तरह के कदम की शुरुआत की जा सकती है।

इसके अलावा, परिषद ने 30 सितंबर, 2022 तक पट्टे पर दिए गए विमानों के आयात और जहाज या हवाई द्वारा माल के निर्यात पर जीएसटी से छूट दी गई है। इसके अलावा, डीजल के साथ मिश्रित करने के लिए ओएमसी को आपूर्ति किए जाने वाले बायो-डीजल पर दरों को घटाकर 5 प्रतिशत कर दिया गया है।

हालांकि, परिषद ने रेलवे के पुजरें, लोकोमोटिव और अन्य सामानों पर जीएसटी को 12 प्रतिशत से बढ़ाकर 18 कर दिया। इसके अतिरिक्त, सभी प्रकार के पेन और उनके पुर्जों पर 18 प्रतिशत की एक समान दर से कर लगेगा।

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.