बिहार की पंचायतों में परामर्शी समिति की सिफारिश से हुए कार्यों का होगा भुगतान, निदेशक ने दिया यह आदेश

पंचायती राज विभाग ने साफ कर दिया है कि त्रि स्तरीय पंचायती राज संस्थाओं में परामर्शी समिति की सिफारिश से किए गए विकास कार्यों का भुगतान होगा। लेकिन इसके लिए वेंडरों को पंचायत चुनाव की प्रक्रिया समाप्त होने का इंतजार करना पड़ेगा।

Vyas ChandraWed, 08 Dec 2021 12:36 PM (IST)
पंचायती राज विभाग के निदेशक डा. रणजीत कुमार सिंह। फाइल फोटो

पटना, राज्य ब्यूरो। पंचायती राज विभाग ने साफ कर दिया है कि त्रि स्तरीय पंचायती राज संस्थाओं में परामर्शी समिति की सिफारिश से किए गए विकास कार्यों का भुगतान होगा। लेकिन इसके लिए वेंडरों को पंचायत चुनाव की (Bihar Panchayat Chunav 2021) प्रक्रिया समाप्त होने का इंतजार करना पड़ेगा। असल में विकास का काम तो हो रहा था। लेकिन, भुगतान के बारे में स्पष्ट निर्देश न होने के कारण संशय की स्थिति थी। कई जिलों के पंचायती राज पदाधिकारी ने भुगतान के संबंध में मुख्यालय से दिशानिर्देश मांगा था। हालांकि भुगतान की तारीख के बारे में अलग से आदेश जारी किया जाएगा। 

18 अगस्‍त से बिहार में लागू है आदर्श आचार संहिता  

मालूम हो कि पंचायत चुनाव के मद्देनजर राज्य में 18 अगस्त से आदर्श आचार संहिता लागू है। इस अवधि में नई योजनाएं नहीं ली गईं। लेकिन, पुरानी योजनाओं को चालू रखने का निर्देश दिया गया था। इसके तहत मुख्यमंत्री ग्रामीण पेयजल निश्चय योजना, गली नाली पक्कीकरण योजना, 15 वें वित्त आयोग से हासिल राशि से पंचायती राज संस्थाओं की ओर से संचालित योजना, सोलर स्ट्रीट लाइट योजना, केंद्र या राज्य सरकार द्वारा संचालित ऐसी योजना, जिनके कार्यान्वयन में पंचायती राज संस्थाओं की प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष भूमिका है। इस श्रेणी की पहले से चल रही योजनाओं को आचार संहिता के दायरे से अलग रखा गया है। पंचायती राज विभाग ने पूर्व के आदेश में भी पूरी हो चुकी योजनाओं के भुगतान के बारे में कहा था कि यह आदर्श आचार संहिता के प्रविधानों के तहत होगा। इसके बावजूद जिलों में भुगतान लंबित था। कुछ जन प्रतिनिधियों ने विभागीय मंत्री सम्राट चौधरी से भी हस्तक्षेप का आग्रह किया था। 

निदेशक ने कहा-एमबी में कराएं सुधार

पंचायती राज विभाग के निदेशक डा. रणजीत कुमार सिंह ने जिलाधिकारियों को पत्र भेज कर कहा है कि नव निर्वाचित जन प्रतिनिधियों के शपथ ग्रहण होने तक पहले से तय व्यवस्था के अनुसार ही त्रि स्तरीय पंचायती राज संस्थाओं एवं ग्राम कचहरियों का काम परामर्शी समितियों द्वारा किया जाएगा। लेकिन,परामर्शी समिति द्वारा किए गए कार्यों की राशि का अंतरण एमबी (मीजरमेंट बुक)में सुधार के बाद ही होगा। किसी काम का अंतिम भुगतान कब होगा, इसके बारे में अलग से आदेश जारी किया जाएगा। 

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

Tags
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.