छपरा में शिक्षा का बुरा हाल, स्‍कूल में शिक्षक के बिना धूल फांक रहे कंप्‍यूटर; लाइब्रेरी भी सुनी पड़ी

शहर के पश्चिम क्षेत्र में स्थित राजेंद्र कालेजिएट प्लस टू विद्यालय ने चार आईएएस एवं आईपीएस दिया है। वर्ष 1940 में स्थापित यह विद्यालय अब अपनी पुरानी शैक्षणिक विरासत को खो रहा है। विद्यालय में प्लस टू तक पढ़ाई होती है।

Prashant KumarThu, 18 Nov 2021 05:28 PM (IST)
स्‍कूल में शिक्षक के अभाव में कंप्‍यूटर की पढ़ाई बाधित। सांकेतिक तस्‍वीर।

जागरण संवाददाता, छपरा। शहर के पश्चिम क्षेत्र में स्थित राजेंद्र कालेजिएट प्लस टू विद्यालय ने चार आईएएस एवं आईपीएस दिया है। वर्ष 1940 में स्थापित यह विद्यालय अब अपनी पुरानी शैक्षणिक विरासत को खो रहा है। विद्यालय में प्लस टू तक पढ़ाई होती है। लेकिन, यहां प्रयोगशाला तक नहीं है। विद्यालय में नौवीं कक्षा में छह सौ 25 एवं दसवीं कक्षा में सात सौ आठ विद्यार्थी है। विद्यालय में 75 प्रतिशत भी उपस्थित हो जाएं तो क्लास रूम में खड़ा होने का जगह नहीं रहेगा।

क्लास रूम की कमी नहीं, कार्टून में पैक है लैब के उपकरण

राजेंद्र कालेजिएट स्कूल में क्लास रूम के अभाव में प्रयोगशाला संचालित नहीं होता है। प्रयोगशाला मद में शिक्षा विभाग से मिले छह लाख रूपये से तो उपकरण की खरीद की गई है। लेकिन वह कार्टून में पैक करके के रखा गया है। क्लास रूम एवं प्रयोगशाला कक्ष बनाने को ले स्कूल प्रबंधन शिक्षा विभाग से पत्राचार करने में जुटा है।

व्यवस्थित है लाइब्रेरी, पुस्तक की है कमी

विद्यालय में लाइब्रेरी तो व्यस्थित है।पुस्तकालय में पुस्तक भी कम है। लेकिन छात्र- छात्राओं को नियमित पुस्तक दिया जाता है। अधिकांश कप्यूटर चालू हालत में हैं, लेकिन शिक्षक के नहीं रहने के कारण यहां कंप्यूटर की कक्षाएं भी नहीं होता है। लाइब्रेरी की स्थिति भी बदहाल है। खेल मैदान भी पूरी तरह से बदहाल है।

प्लस टू में सभी विषयों के शिक्षक नहीं

राजेंद्र कालेजिएट प्लस टू विद्यालय में सभी विषयों में शिक्षक नहीं है। माध्यमिक में 16 शिक्षक है। जबकि प्लस टू में नौ शिक्षक है। प्लस टू में संस्कृत, उर्दू, हिन्दी,अंगेजी, मनोविज्ञान, गणित एवं कंप्यूटर साइंस विषय में शिक्षक नहीं है। वहीं माध्यमिक में उर्दू विषय में शिक्षक नहीं है।

पूर्ववर्ती छात्र

-वत्स पुरूषोतम, आइएफएस, 1949

-आशोक कुमार पांडेय, आइएएस, 1945

-अनिल कुमार पांडेय, आइपीएस, 1956

-वजिरूल हक, पीएचईडी में अधिकारी, 1960

- मुुकुंद प्रसद, मुख्य सचिव

राजेंद्र कालेजिएट एक नजर में

-राजेंद्र कालेजिएट प्लस टू विद्यालय : स्थापना - 1940

- हाई स्कूल में शिक्षक - 16

- प्लस टू में शिक्षक - 09

-लिपिक - 02

- परिचारी - 02

- स्‍मार्ट क्लास रूम - 02

- कंप्यूटर कक्ष - 01

-जिम - 00

-लैब - 00

-पुस्तकालय -01

- नौवी कक्षा में नामांकन - 625

-दसवीं कक्षा में छात्र- 708

प्लस टू में नामांकन

- विज्ञान संकाय - 215

- कला संकाय - 140

- वाणिज्य संकाय -46

राजेंद्र कालेजिएट प्‍लस टू विद्यालय छपरा के प्राचार्य रामायण प्रसाद ने कहा कि विद्यालय में नियमित वर्ग संचालित होती है। क्लास रूम की कमी है। वर्ग कक्ष को ले प्रयास किया जा रहा है। लैब भी कमरे के अभाव में व्यस्थित तरीके से संचालित नहीं पा रहा है। कंप्यूटर शिक्षक भी अभाव है।

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

Tags
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.