Government Job: बिहार स्वास्थ्य विभाग में 15 हजार से अधिक पदों पर बहाली का मौका, देखें पूरा ब्‍योरा

स्‍वास्‍थ्‍य विभाग में जल्‍द होगी नियुक्ति । सांकेतिक तस्‍वीर ।

विधान परिषद में आज मंगलवार को स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने जानकारी दी। उन्‍होंने बताया कि विशेष चिकित्सा पदाधिकारी के 3706 और सामान्य चिकित्सा पदाधिकारी के 2632 पद रिक्त हैं। 1539 फार्मासिस्ट और 1096 शल्य कक्ष सहायक 163 ईसीजी टेकनिशियन 803 एक्सरे टेकनिशियन के रिक्त पदों पर शीघ्र नियुक्ति होगी।

Sumita JaiswalTue, 23 Feb 2021 06:16 PM (IST)

पटना, राज्य ब्यूरो। सरकार स्वास्थ्य विभाग में पांच श्रेणी के 11,548  पदों पर शीघ्र नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करेगी। विधान परिषद में मंगलवार को स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने रामबली सिंह के सवाल पर सदन को यह जानकारी दी।

पांडेय ने बताया कि विशेष चिकित्सा पदाधिकारी के 3706 और सामान्य चिकित्सा पदाधिकारी के 2632 पद रिक्त हैं। इसकी नियुक्ति प्रक्रिया पूरी करने की जिम्मेदारी बिहार तकनीकी सेवा आयोग को दी गई है। वहीं, 4033 स्टाफ नर्स ग्रेड ए के रिक्त पदों पर नियुक्ति की कार्रवाई शीघ्र शुरू की जाएगी। इसी तरह 1539 फार्मासिस्ट और 1096 शल्य कक्ष सहायक, 163 ईसीजी टेकनीशियन, 803 एक्सरे टेकनीशियन के रिक्त पदों को भरने के लिए सामान्य प्रशासन विभाग से अनुमति मांगी है। इसके अलावा 1772 प्रयोगशाला प्रावैधिक के पदों पर नियुक्ति प्रक्रिया पूरी करने की जिम्मेदारी बिहार कर्मचारी चयन आयोग को दी गई है। 

मंझौल में शीघ्र पूर्ण होगा अस्पताल का निर्माण

विधान पार्षद रजनीश कुमार के सवाल पर स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने छह महीने के अंदर बेगूसराय जिले के मंझौल में अनुमंडलीय अस्पताल का निर्माण पूर्ण कराने का भरोसा दिया है। रजनीश ने तारांकित प्रश्न के जरिए सरकार से जवाब मांगा था। उन्होंने 13 वर्षों से लंबित अनुमंडलीय अस्पताल निर्माण की ओर सरकार का ध्यान आकृष्ट किया। मंत्री ने सदन को बताया कि भवन निर्माण विभाग से अनुरोध किया गया है। छह महीने के अंदर निर्माण कार्य पूर्ण कराने का विभाग ने लक्ष्य तय किया है।

सभापति ने चुटकी ली, आपको हाइड्रोसील या फाइलेरिया तो नहीं

सरकार हाइड्रोसील और फाइलेरिया बीमारी के नियंत्रण पर लगातार काम कर रही है। स्वास्थ्य मंत्री ने विधान पार्षद रामचंद्र पूर्वे के सवाल पर कहा कि 2030 तक फाइलेरिया उन्मूलन का लक्ष्य रखा गया है। वहीं, हाइड्रोसील रोग के रोकथाम के लिए दो वर्ष से ऊपर के लोगों को एलमेंडाजोल एवं डीईसी की खुराक लगातार पांच वर्षों देने का प्रावधान किया गया है। पूर्वे के पूरक प्रश्न पर कार्य सभापति अवधेश नारायण सिंह ने चुटकी है। उन्होंने पूर्वे से पूछा आप जांच करा लिए हैं आपको दोनों में से कोई बीमारी तो नहीं है। पूर्वे सवाल पर ऊर्जा मंत्री बिजेंद्र यादव ने भी कटाक्ष किया।

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