बिहार गुरु सम्मान से नवाजे गए पूर्व कुलपति रिपुसूदन श्रीवास्तव

बिहार गुरु सम्मान से नवाजे गए पूर्व कुलपति रिपुसूदन श्रीवास्तव

हिदी और भोजपुरी के कवि सह बीएनएमयू के पूर्व कुलपति डॉ. रिपुसूदन श्रीवास्तव के जन्मदिन के अवसर पर मंगलवार को कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

JagranWed, 14 Apr 2021 01:25 AM (IST)

मुजफ्फरपुर : हिदी और भोजपुरी के कवि सह बीएनएमयू के पूर्व कुलपति डॉ. रिपुसूदन श्रीवास्तव के जन्मदिन के अवसर पर मंगलवार को कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कोरोना सुरक्षा के नियमों का अनुपालन करते हुए सादगी के साथ यह आयोजन हुआ। बिहार गुरु व मिशन भारती रिसर्च इनफॉरमेशन सेंटर की ओर से उन्हें बिहार गुरु सम्मान-2021 से नवाजा गया। बेला पत्रिका के संपादक व कवि डॉ.संजय पंकज ने कहा कि एक सहज सरल और सुमधुर व्यक्तित्व से संपन्न डॉ.रिपुसूदन श्रीवास्तव ने गीत और कविता के लिए जिस निष्ठा से काम किया है वह प्रणम्य है। गीत की रागात्मकता इनके व्यक्तित्व में सन्निहित है। मिशन भारती और बिहार गुरु के अध्यक्ष अविनाश तिरंगा व मुकेश त्रिपाठी ने कहा कि मुजफ्फरपुर के गौरव डॉ.रिपुसूदन हम सबके के प्रेरक हैं। आलोचक डॉ.रेवती रमण, आरबीबीएम की प्राचार्य डॉ.ममता रानी, गणेश प्रसाद सिंह, डॉ.संजीव कुमार समेत अन्य ने उन्हें जन्मदिवस पर शुभकामनाएं दीं। डॉ.कविता वर्मा ने अतिथियों का स्वागत किया।

पूर्व कुलसचिव को दी गई श्रद्धांजलि

बीआरए बिहार विवि के पूर्व कुलसचिव डॉ.अजय कुमार श्रीवास्तव के निधन पर मंगलवार को रामेश्वर कॉलेज के पूर्व प्राचार्य पीके सिन्हा के आवास पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। पीके सिन्हा ने कहा कि डॉ.अजय ने बिहार विवि को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित किया। डॉ.अचित्य, राकेश कुमार, जितेंद्र श्रीवास्तव, देवेंद्र कुमार, सुमित कुमार, नरेंद्र शर्मा समेत अन्य ने भी उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।

संघ की संबद्धता के लिए की मुलाकात

वाकेशनल इंप्लाइज एसोसिएशन के अध्यक्ष देव नारायण और सचिव उज्जवल कुमार ने मंगलवार को महाविद्यालय विश्वविद्यालय कर्मचारी महासंघ के प्रक्षेत्रीय अध्यक्ष इंद्र कुमार दास से मुलाकात की। इस दौरान व्यावसायिक एसोसिएशन को महासंघ से संबद्धता दिलाने को लेकर ज्ञापन भी सौंपा। इंद्र कुमार ने कहा कि इस दिशा में पहल की जाएगी।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों से जुड़ी प्रमुख जानकारियों और आंकड़ों के लिए क्लिक करें।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.