पछुआ हवा ने बढ़ाई ठंड, गया का न्यूनतम तापमान पहुंचा 10.1 डिग्री , अभी और लुढ़केगा पारा

गया में मौसम अब तेजी से रुख बदल रहा है। पछुआ हवा की वजह से जिले में ठंड बढ़ती जा रही है। जिले में बीते 24 घंटों के दौरान न्यूनतम तापमान 10.1 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। मौसम विभाग की माने तो पारा अभी और गिरेगा।

Rahul KumarPublish:Thu, 25 Nov 2021 10:27 AM (IST) Updated:Thu, 25 Nov 2021 10:27 AM (IST)
पछुआ हवा ने बढ़ाई ठंड, गया का न्यूनतम तापमान पहुंचा 10.1 डिग्री , अभी और लुढ़केगा पारा
पछुआ हवा ने बढ़ाई ठंड, गया का न्यूनतम तापमान पहुंचा 10.1 डिग्री , अभी और लुढ़केगा पारा

गया, जागरण संवाददाता। मौसम अब तेजी से करवट बदल रहा है। धीरे-धीरे ठंड अब बढ़ने लगी है। गया में पछुआ हवा की वजह से दिनोंंदिन न्यूनतम तापमान अपने निचले स्तर पर पहुंच रहा है। जिले में  बीते 24 घंटों के दौरान न्यूनतम तापमान 10.1 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। गुरुवार की सुबह 6 बजे न्यूनतम तापमान 11 डिग्री के आसपास दर्ज हुआ। वहीं जिले का अधिकतम तापमान 28 डिग्री के बीच है। मौसम के पूर्वानुमान में पछुआ हवा चलने के कारण दक्षिण बिहार के सर्वाधिक मौसम बदलाव वाले गया जिले में अभी हल्की पछुआ हवा बह रही है। पछुवा हवा की वजह से आने वाले दिनों में ठंड और बढ़ेगी।

बढ़ने लगा कुहासा

गया में अहले सुबह कुहासा व धुंध भी देखी जा रही है। हालांकि दिन में धूप निकलने के बाद मौसम कुछ हद तक सामान्य हो जा रहा है। दोपहर में खिली धूप के बीच लोग हल्की गर्मी भी महसूस करते हैं। जबकि शाम ढलने के बाद अचानक से लोग ठंड की अनुभूति करने लग रहे हैं। मौसम विज्ञानी डा. जाकिर हुसैन ने कहा कि ठंड का असर धीरे-धीरे देखने को मिलेगा। अभी न्यूनतम तापमान 11 और 12 डिग्री के आसपास रहेगा। मौसम विज्ञानी के मुताबिक दिन और रात के तापमान में काफी अंतर रहेगा।

ठंड से बचने की सलाह

मौसम के इन बदलते हुए परिस्थितियों के बीच चिकित्सक लोगों को ठंड से बचने की सलाह दे रहे रहे हैं। ठंड के शुरुआती दिनों में अनेक लोग बीमारियों के चपेट में आ जाते हैं। छोटे  बच्चों, बुजुर्गों व गंभीर रूप से बीमार लोगों के लिए ठंड प्रभावकारी माना गया है। ठंड के दिनों में लापरवाही न बरतें। छोटे बच्चे और बुजुर्गों का खास ख्याल रखें। ऊनी कपड़ों का इस्तेमाल करें। इसके साथ ही सुबह और शाम में ऊनी कपड़े पहनकर ही टहलने जाया करें। ठंड की शुरूआत में अक्सर लोग लापरवाही बरतते हैं जिससे तबियत खराब होने का खतरा बना रहता है।