Aurangabad News: जीएसटी दाखिल नहीं करने वाले व्यवसायियों पर चला वाणिज्य कर का डंडा

दाउदनगर एवं रोहतास के डेहरी स्थित जीडी इंटरप्राइजेज के प्रतिष्ठान के अलावा बुधवार को ईशा व्यासा टेक्नोलाजी प्राइवेट लिमिटेड एवं गुरुवार को विकास ट्रेडिंग कंपनी के प्रतिष्ठान का अधिकारियों ने निरीक्षण किया। विभाग के डिप्टी कलेक्टर नरेश कुमार ने यह जानकारी दी।

Prashant KumarPublish:Sat, 27 Nov 2021 09:56 AM (IST) Updated:Sat, 27 Nov 2021 09:56 AM (IST)
Aurangabad News: जीएसटी दाखिल नहीं करने वाले व्यवसायियों पर चला वाणिज्य कर का डंडा
Aurangabad News: जीएसटी दाखिल नहीं करने वाले व्यवसायियों पर चला वाणिज्य कर का डंडा

संवाद सहयोगी, दाउदनगर (औरंगाबाद)। वाणिज्य कर विभाग ने जीएसटी का विवरण दाखिल नहीं करने वाले व्यवसायियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की है। दाउदनगर एवं रोहतास के डेहरी स्थित जीडी इंटरप्राइजेज के प्रतिष्ठान के अलावा बुधवार को ईशा व्यासा टेक्नोलाजी प्राइवेट लिमिटेड एवं गुरुवार को विकास ट्रेडिंग कंपनी के प्रतिष्ठान का अधिकारियों ने निरीक्षण किया। विभाग के डिप्टी कलेक्टर नरेश कुमार ने यह जानकारी दी।

बताया कि वाणिज्य कर विभाग उन व्यवसायियों को बख्शने के मूड में कतई नहीं है, जिनके द्वारा विवरणी दाखिल करने में शिथिलता बरती जा रही है। उक्त प्रतिष्ठानों के विरुद्ध वाणिज्य कर विभाग के आदेश पर राज्य कर संयुक्त आयुक्त औरंगाबाद अंचल सुनील कुमार द्वारा गठित संयुक्त जांच दल ने कार्रवाई की है। संयुक्त जांच दल में औरंगाबाद अंचल में पदस्थापित राज्य कर उपायुक्त नरेश कुमार, राज्य कर सहायक आयुक्त सुशील कुमार सुमन, मनोज कुमार पाल, सरिता सिंह, सुजीत कुमार एवं बबीता कुमारी शामिल थे।

बताया गया कि जांच में बड़े पैमाने पर सामान की जब्ती की गई है। इस पर कर एवं अर्थदंड लगाने की कार्रवाई सुनवाई के पश्चात की जाएगी। राज्य कर संयुक्त आयुक्त सुनील कुमार द्वारा बताया गया कि विवरणी दाखिल नहीं करने वाले व्यापारियों के प्रति विभाग का रुख कठोर है तथा भविष्य में भी जिन व्यापारियों द्वारा विवरणी भरने में उदासीनता बरती जाएगी उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। महत्वपूर्ण है कि हाल के दिनों में जीएसटी संग्रह में गिरावट को देखते हुए विभाग का रुख जीएसटी विवरणी दाखिल नहीं करने वाले व्यापारियों के खिलाफ कठोर हुआ है। वाणिज्य कर विभाग के इस कार्रवाई से हड़कंप मचा है। अन्य व्यवसायियों में दहशत है।