राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर पर शिक्षक संसाधन कोष का होना है गठन, लेकिन भागलपुर में नवाचार में किसी को रुचि ही नहीं!

बिहार में नवाचार की राह में सिस्टम बना रोड़ा। भागलपुर में फिर टल गई बैठक। 23 नवंबर तक नवाचार में रूची रखने वाले शिक्षकों का किया जाना था चयन। 24 को भी नहीं हुई बैठक। ऐसे में कई सवाल खड़े होते हैं...

Shivam BajpaiPublish:Thu, 25 Nov 2021 09:13 AM (IST) Updated:Thu, 25 Nov 2021 09:13 AM (IST)
राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर पर शिक्षक संसाधन कोष का होना है गठन, लेकिन भागलपुर में नवाचार में किसी को रुचि ही नहीं!
राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर पर शिक्षक संसाधन कोष का होना है गठन, लेकिन भागलपुर में नवाचार में किसी को रुचि ही नहीं!

जागरण संवाददाता, भागलपुर : शिक्षकों की प्रतिभा, उनके सीखने की प्रक्रिया एवं नवाचार को मान्यता देने के लिए राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर पर शिक्षक संसाधन कोष (टीचर रिसोर्स रिपाजिटरी) का गठन किया जाना है। प्रत्येक विषय पर नवाचार में योगदान देने वाले 15-20 शिक्षकों को जिला स्तर पर पहचान कर उसकी रिपोर्ट राज्य मुख्यालय भेजी जानी थी। सिस्टम की लापरवाही नवाचार को बढ़ावा देने के सरकारी प्रयासों पर भारी पड़ने लगा है।

एक तरफ जहां अधिकारियों की उदासीनता के कारण इस योजना में शिक्षकों की भागीदारी काफी कम रही। व्यापक रूप से प्रचार प्रसार नहीं होने के कारण अधिकांश शिक्षकों को शिक्षक संसाधन कोष के बारे में जानकारी ही नहीं मिल सकी। इसलिए जिला में शिक्षक संसाधन कोष के लिए मात्र दस आवेदन आए। 23 नवंबर तक जिला स्तरीय चयन समिति को शिक्षकों के चयन की प्रक्रिया पूरी कर लेनी थी। नवाचार को लेकर सिस्टम की लापरवाही का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि 24 नवंबर को भी चयन समिति की बैठक नहीं हुई। ऐसे में अगर विलंब से सूची राज्य मुख्यालय भेजी गई, तो भागलपुर के शिक्षक राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर पर गठित होने वाले शिक्षक संसाधन कोष के लाभ से वंचित हो जाएंगे।

इधर, इस संबंध में पूछने पर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी सर्व शिक्षा अभियान देवेंद्र प्रसाद ने कहा कि संभाग प्रभारी चुनाव डयूटी में हैं। जिला शिक्षा पदाधिकारी की भी चुनाव में डयूटी लगी हुई है। इस कारण कमेटी की बैठक नहीं हो सकी है। जिला शिक्षा पदाधिकारी संजय कुमार ने कहा कि मैं चुनाव डयूटी में हूं। बताते चलें कि नवाचार में बेहतर योगदान देने वाले शिक्षकों का नाम राज्य मुख्यालय भेजा जाएगा। राज्य मुख्यालय से चार से पांच शिक्षकों का नाम राष्ट्रीय शिक्षक संसाधन कोष के लिए दिल्ली भेजा जाना है। राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर चयनित होने वाले शिक्षकों को नवाचार को बढ़ावा देने के लिए संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे।

यें हैं कमेटी के सदस्य जिला शिक्षा पदाधिकारी जिला कार्यक्रम पदाधिकारी सर्व शिक्षा अभियान संभाग प्रभारी एससीईआरटी के प्रतिनिधि : राज्य द्वारा मनोनीत सदस्य राकेश कुमार, प्राचार्य बीएड कालेज : डीएम द्वारा मनोनीत सदस्य