स्मार्ट सिटी भागलपुर में 500 करोड़ की जलापूर्ति की योजना पर एनएच का ब्रेक, तीन किमी तक रोड की होगी खुदाई

स्‍मार्ट सिटी भागलपुर की जलापूर्ति योजना पर एनएन ने ब्रेक लगा दिया है। भागलपुर शहर में जलापूर्ति योजना पर 500 करोड़ रुपये खर्च किए जाने हैं। इसके लिए इंजीनियरिंग कालेज के पास से बरारी तक तीन किमी सड़क की खुदाई की जानी है।

Abhishek KumarMon, 06 Dec 2021 01:10 PM (IST)
स्‍मार्ट सिटी भागलपुर की जलापूर्ति योजना पर एनएन ने ब्रेक लगा दिया है।

जागरण संवाददाता, भागलपुर। शहर में जलापूर्ति योजना को लेकर एशियन डवलपमेंट बैंक ने करीब 500 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। इसके लिए सबौर स्थित भागलपुर इंजीनियरिंग कालेज परिसर में इंटेकवेल का निर्माण कराया जा रहा है। वहां से बरारी स्थित मुख्य जलापूर्ति केंद्र वाटर वक्र्स तक 5.5 किलोमीटर लंबी मुख्य पाइप लाइन बिछाने की योजना है। इसके तहत एनएच 80 की करीब तीन किलोमीटर सड़क पर पाइप बिछाया जाना है, लेकिन इसके लिए एनएच से बुडको को अनुमति नहीं मिल पा रही है। इससे जलापूर्ति योजना प्रभावित हो रही है।

अनुमति के इंतजार में सड़क किनारे पाइप पड़ा हुआ है। इसकी अनुमति पटना स्थित एनएच के क्षेत्रीय कार्यालय से मिलना है। पिछले तीन माह से एनएच 80 को अनुमति के लिए पत्राचार किया गया है, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई है। दरअसल, इंजीनियरिंग कालेज के समीप से होकर गंगा की मुख्य धारा गुजरती है। इसके लिए तीन इंटेकवेल का निर्माण कराया जा रहा है, जिससे वाटर वक्र्स को जलशोधन के लिए आपूर्ति किया जाना है। पथ निर्माण विभाग व हाउसिंग बोर्ड प्रबंधन से पाइप बिछाने की अनुमति मिली है, लेकिन एनएच से अनापत्ति प्रमाण पत्र का इंतजार है।

यहां से गुजरेगी मुख्य पाइप लाइन

इसके लिए 1321 एमएम व्यास का राव वाटर राइजिंग पाइप बिछाना है जो इंजीनियरिंग कालेज से एनएच 80 होते हुए जीरोमाइल चौक, एलआइसी कालोनी होते हुए हाउसिंग बोर्ड परिसर होते हुए पालिटेक्निक कालेज तक पाइप बिछाना है। इसके बाद हाउसिंग बोर्ड चौक से रिफ्यूजी कालोनी होते हुए पाइप लाइन बरारी वाटर वक्र्स पहुंचेगी। इसमें एक किलोमीटर नगर निगम, एनएच की तीन किलोमीटर व शेष पथ निर्माण विभाग की सड़क शामिल है।

सड़क पर रखा पाइप, फुटपाथ भी बाधित

जलापूर्ति योजना के लिए कार्य करने वाली कंपनी ने सड़क व फुटपाथ पर पाइप का भंडारण कर रखा है। बरारी श्मशान घाट मार्ग से लेकर हाउसिंग बोर्ड चौक के बीच फुटपाथ पूरी तरह समाप्त हो गया है। वहीं पालिटेक्निक कालेज से बरारी हाईस्कूल चौक पर खतरनाक मोड़ है। जलापूर्ति पाइप रखने से सड़क संकीर्ण हो चुकी है। इसका प्रभाव यातायात व्यवस्था पर पड़ रहा है। फुटपाथ पर चलने वाले लोगों को भी समस्या हो रही है।

बुडको एक सप्ताह में शुरू करेगा कार्य

इंजीनियरिंग कालेज से एलआइसी कोलोनी के बीच एनएच के अधिकारियों से स्वीकृति मिलने के बाद ही कार्य शुरू होगा, लेकिन बुडको द्वारा जहां अनुमति मिली है वहां से ही कार्य शुरू होगा। एलआइसी कालोनी से हाउसिंग बोर्ड परिसर में पाइप बिछाने के कार्य एक सप्ताह में शुरू करेगा।

शहर में जलापूर्ति योजना का हाल

शहरी क्षेत्र में जलापूर्ति योजना का कार्य वर्ष 2016 से शुरू हुआ। पूर्व की कंपनी ने समय सीमा में कार्य नहीं किया तो सरकार ने उसे हटा दिया था। पिछले एक वर्ष से केसीपीएल और भीए टेक दो कंपनी कार्य कर रही है। योजना के तहत दोनों कंपनियों को 2022 दिसंबर तक कार्य पूरा करना है। 51 वार्डों में 460 किलोमीटर के बदले 260 किलोमीटर पाइप बिछाया है। 19 जलमीनार के निर्माण के बदले 12 जलमीनार के निर्माण का कार्य चल रहा है। इन जलमीनार में वैकल्पिक व्यवस्था से पानी भरने के लिए 18 डीप बोरिंग स्थापित करना है। जिसके बदले 10 बोरिंग पर कार्य चल रहा है। 68 हजार के लक्ष्य के बदले 19 हजार घरों को पानी कनेक्शन मिला है। जलमीनार में पानी पहुंचाने के लिए 26 किलोमीटर के लक्ष्य पर 17 किलोमीटर का कार्य पूरा हुआ है।

बुडको से जलापूर्ति पाइप बिछाने को लेकर एनओसी संबंधी पत्र प्राप्त हुआ है। एक माह पूर्व एनएच के क्षेत्रीय अधिकारी को पत्र भेज दी गई है, वहां से अनुमति मिलने पर ही कार्य हो सकेगा। - अरङ्क्षवद कुमार ङ्क्षसह, कार्यपालक अभियंता, एनएच 80

एनएच को संबंधित पत्र काफी पहले ही दे दिया गया था, लेकिन अब तक उसकी ओर से कार्यारंभ करने की अनुमति नहीं मिली है। -एसके कर्मवीर, कार्यपालक अभियंता, बुडको  

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

Tags
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.