कटिहार में 22109 हेक्टेयर बंजर भूमि पर होगी आंवला व ड्रैगन फ्रूट की होगी खेती, उद्यान विभाग ने तैयार की कार्ययोजना

कटिहार की बंजर भूमि पर आंवला और ड्रैगन फ्रूट की अब खेती होगी। इसके लिए उदयान विभाग की ओर से प्‍लान तैयार किया गया है। जल्‍द ही इसे लागू कर दिया जाएगा। इससे यहां के किसानों की आमदनी भी बढ़ेगी।

Abhishek KumarFri, 18 Jun 2021 03:39 PM (IST)
कटिहार की बंजर भूमि पर आंवला और ड्रैगन फ्रूट की अब खेती होगी।

कटिहार [प्रदीप गुप्ता]। सरकार ने बंजर भूमि को उपजाऊ बनाने तथा बंजर जमीन पर आंवला, ड्रैगन फ्रूट, सहित अन्य मौसमी फल, सब्जी एवं लकड़ी के महत्वपूर्ण पेड़ लगाने के लिए किसानों को प्रोत्साहित करने की योजना तैयार की है। उद्यान विभाग द्वारा इस योजना पर कार्य किया जाएगा। इच्छुक किसानों को खेती के लिए अनुदान भी दिया जाएगा। राष्ट्रीय बागवानी क्षेत्र विस्तार योजना से बंजर भूमि को उपजाऊ बनाकर खेती लायक बनाने तथा कृषि योग्य भूमि कर करवा बढ़ाने के साथ ही किसानों को आत्मनिर्भर बनाया जाएगा। विभाग द्वारा कम उर्वरा शक्ति वाले व बंजर जमीन की पहचान कर किसानों को इस योजना से जोडऩे को लेकर जागरूक किया जा रहा है। आंवला व ड्रैगन फ्रूट की खेती के लिए किसानों को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। अगस्त से जिले में इस योजना पर काम शुरू हो जाएगा।

किसानों को मिलेगा अनुदान

बंजर जमीन पर खेती को बढ़ावा देने को लेकर विभा्ग द्वारा 50 प्रतिशत अनुदान किसानों को दिया जाएगा। किसान विभिन्न तरह के फल का उत्पादन कर अपनी आमदनी बढ़ा सकते हैं। किसानो को विभाग द्वारा वैशाली जिला स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेन्ट के माध्यम से विभिन्न फलो के पौधे को उपलब्ध कराया जाएगा। जिला उद्यान पदाधिकारी ने बताया कि कोरोना महामारी के कारण योजना पर काम शुरू होने में विलंब हुआ। इस योजना का लाभ लेने के लिए किसानों से अगस्त माह से आवेदन लिया जाएगा।

जिले में 22109 हेक्टेयर जमीन की उर्वरा शक्ति कम

1985 में स्थापित राष्ट्रीय बंजर भूमि विकास बोर्ड क. मुताबिक सूबे मे 94 लाख 98 हजार हेक्टेयर जमीन बंजर है. जिले मे 22109 हेक्टेयर जमीन बंजर या क. उर्वरा शक्ति क. है.। जिले मे 103432भूमि खेती लायक है।. जिसमे 115 हेक्टेयर चारागाह क. रूप में है।. कृषि विभाग क. आंकड़ो क. अनुसार प्रतिवर्ष 6300 हेक्टेयर कृषि योग्य जमीन पर किसी न किसी कारण खेती नहीं क. जाती है।. 12126 हेक्टेयर जमीन पर फलदार व छायादार वृक्ष है. वही 1785 हेक्टेयर वन क्षेत्र जिले में है।

उद्यान विभाग द्वारा बंजर व कम उर्वरा शक्ति वाले जमीन को फल व सब्जी की खेती लायक बनाए जाने की योजना तैयार की गई है। बंजर जमीन पर आंवला, ड्रैगन फ्रूट सहित अन्य मौसमी फल व सब्जी की खेती की जाएगी। लकड़ी के लिए महत्वपूर्ण पेड़ के लिए पौधे भी लगाए जाएंगे। इसके लिए किसानों को अनुदान दिया जाएगा।

डा. राहुल कुमार,जिला उद्यान पदाधिकारी,कटिहार । 

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.