18 जनवरी को निकला मुहूर्त, नगर निगम की नई बिल्डिंग में दाखिल होंगी मेयर

-18 जनवरी का निकला है शुभ मुहूर्त पूरे विधि-विधान के साथ होगी पूजा-पाठ। जासं रांची रा

JagranPublish: Tue, 05 Jan 2021 07:30 AM (IST)Updated: Tue, 05 Jan 2021 07:30 AM (IST)
18 जनवरी को निकला मुहूर्त, नगर निगम की नई बिल्डिंग में दाखिल होंगी मेयर

-18 जनवरी का निकला है शुभ मुहूर्त, पूरे विधि-विधान के साथ होगी पूजा-पाठ

जासं, रांची : रांची नगर निगम के नए भवन में मेयर आशा लकड़ा के प्रवेश का शुभ मुहूर्त निकल आया है। मेयर 18 जनवरी को नगर निगम की नई इमारत में दाखिल होंगी। दूसरी तरफ, नगर निगम के दफ्तर में दस्तावेज और अन्य सामान शिफ्ट करने का काम तेजी से चल रहा है। नगर आयुक्त ने सभी को निर्देश दिया है कि हर हाल में 14 जनवरी से पहले नगर निगम के सभी दस्तावेज और जरूरी सामान नई इमारत में शिफ्ट कर दिए जाएं। नगर निगम की नई इमारत कचहरी रोड पर बन कर तैयार हो गई है। गत 29 दिसंबर को इसका उद्घाटन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया था। खरमास में इमारत के उद्घाटन पर मेयर ने एतराज जताया था। कहा जा रहा है कि अभी खरमास चल रहा है। इस वजह से वे अभी नई इमारत में जाने के लिए तैयार नहीं है। इसीलिए नगर आयुक्त ने भी 14 जनवरी से पहले नगर निगम के दस्तावेज को नई इमारत में शिफ्ट करने को कहा है। 14 जनवरी को खरमास खत्म हो रहा है। इसी के बाद से अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों का नई इमारत में प्रवेश शुरू हो जाएगा। इसके लिए अधिकारी और जनप्रतिनिधि शुभ मुहूर्त निकालने की कवायद में जुटे हुए हैं। शुभ मुहूर्त में मेयर, डिप्टी मेयर, नगर आयुक्त समेत अन्य अधिकारी व कर्मचारी में प्रवेश करेंगे।

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भाद्रपद नक्षत्र में विधि-विधान के साथ दाखिल होंगी मेयर

मेयर आशा लकड़ा ने बताया कि 18 जनवरी को पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में विधि-विधान के अनुसार पूजा-पाठ कर नए भवन में प्रवेश होगा। उन्होंने बताया कि शहर के विकास के लिए विभिन्न योजनाओं की रूपरेखा रांची नगर-निगम ही तैयार करता है। साथ ही निगम के अधिकारी व कर्मचारी रांची नगर के नए भवन से ही विभिन्न कार्यों का निष्पादन करेंगे। इसके अलावा नगर निगम के कार्यालय में प्रतिदिन सैकड़ों लोग विभिन्न कार्यों व समस्याओं को लेकर आते हैं। इस दृष्टिकोण से खरमास में नगर निगम के नए भवन में प्रवेश करना उचित नहीं था। मेयर ने कहा कि हिन्दू धर्म में खरमास काल मे शुभ कार्य करना वर्जित है। ऐसे में अपनी परंपरा और संस्कृति को ध्यान में रखते हुए शुभ मुहूर्त में नए भवन में प्रवेश करने की तैयारी की जा रही है।

Edited By Jagran

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