डीवीसी की बंद हुई कटौती तो बिजली विभाग हुआ एक्टिव, जीएम ने कहा- लोगों को नहीं होने देंगे परेशानी

धनबाद जीएम अजीत कुमार ने बताया कि ऊर्जा विभाग का अपना केबलिंग का काम भी लगातार चलेगा। इसके लिए इलाके में शट डाउन लिया जाएगा मगर वह तीन घंटे से अधिक नहीं होगा। इसको लेकर भी लोगों को परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा।

Deepak Kumar PandeyPublish: Sat, 29 Jan 2022 11:30 AM (IST)Updated: Sat, 29 Jan 2022 11:30 AM (IST)
डीवीसी की बंद हुई कटौती तो बिजली विभाग हुआ एक्टिव, जीएम ने कहा- लोगों को नहीं होने देंगे परेशानी

जासं, धनबाद: डीवीसी ने अपनी ओर से बिजली कटौती बंद कर दी है। सरकार से वार्ता होने के बाद डीवीसी मान गई है। इससे डीवीसी के सभी कमांड एरिया में अब परेशानी खत्म हो जाएगी। वहीं डीवीसी के इस फैसले के बाद बिजली विभाग के धनबाद जीएम अजीत कुमार ने कहा कि अब लोगों को किसी तरह का बिजली संकट नहीं होने देंगे। बताया कि लगातार बिजली कटौती के कारण वह भी लोगों को जवाब नहीं दे पा रहे थे। बिजली कटौती से हर वर्ग परेशान चल रहा था। अब परेशानी खत्म हो जाएगी। बताया कि ऊर्जा विभाग का अपना केबलिंग का काम भी लगातार चलेगा। इसके लिए इलाके में शट डाउन लिया जाएगा, मगर वह तीन घंटे से अधिक नहीं होगा। इसको लेकर भी लोगों को परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा।

व्यवसायी वर्ग हुआ खुश: डीवीसी के बिजली कटौती के फैसले को वापस लेने के बाद धनबाद का व्यवसायी वर्ग काफी खुश नजर आया। बैंक मोड़ चैंबर के अध्यक्ष प्रभात सुरेलिया ने कहा कि उन्होंने 27 जनवरी को रामगढ़ में बैठक की थी। अभी आगे की तैयारी की जा रही थी कि किस तरह से डीवीसी से निपटा जाए, मगर अब सब कुछ ठीक हो गया है। धनबाद जिला चैंबर के अध्यक्ष चेतन गोयनका ने कहा कि बिजली कटौती के कारण डीजल का खर्च व्यवसायियों के लिए दोगुना हो गया था, अब इससे राहत मिलेगी। वहीं झामुमो व्यवसायिक प्रकोष्ठ के अध्यक्ष अमितेश सहाय ने कहा कि सरकार ने अपना काम कर दिया है। अब विरोधी कुछ भी नहीं कह पाएंगे।

जानें आपके इलाके में कब नहीं रहेगी बिजली: केबलिंग के काम को लेकर बिजली विभाग ने आज सुबह कुछ इलाकों में शट डाउन लिया। इससे सरायढ़ेला, नूतनडीह, कोलाकुसमा, सहयोगी नगर आदि इलाकों में सुबह सात से दस बजे तक बिजली नहीं रही। वहीं नया बाजार, पुराना बाजार, बैंक मोड़ आदि इलाके में दोपहर एक बजे से तीन बजे तक बिजली काटी जाएगी। 

Edited By Deepak Kumar Pandey

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