प्रदूषण नियंत्रण के लिए झरिया की कोलियरियों में लगाए गए यंत्र

संस धनसार कोयलांचल के लोग प्रदूषण से त्रस्त हैं। खासकर उन क्षेत्रों में जहां खुली परियोजना अ

JagranPublish: Fri, 07 Jan 2022 07:52 PM (IST)Updated: Fri, 07 Jan 2022 07:52 PM (IST)
प्रदूषण नियंत्रण के लिए झरिया की कोलियरियों में लगाए गए यंत्र

संस, धनसार : कोयलांचल के लोग प्रदूषण से त्रस्त हैं। खासकर उन क्षेत्रों में जहां खुली परियोजना और कोयला ट्रांसपोर्टिंग हो रही है। प्रदूषण से त्रस्त स्थानीय लोग ने प्रदूषण नियंत्रण व पर्यावरण विभाग से इसकी शिकायत करते रहे हैं। प्रदूषण की समस्या से निजात दिलाने व कोलियरी इलाकों में प्रदूषण की मात्रा जांचने के लिए पर्यावरण विभाग के निर्देश पर बीसीसीएल 40 स्थानों पर प्रदूषण मापने वाला पाटीकुलेट मेटर10 एनेलाइजर नामक एक यंत्र लगा रहा है। इससे इन इलाकों के प्रदूषण की मात्रा को नापा जा सकेगा। फिलहाल विश्वकर्मा परियोजना, राजापुर, एना व बस्ताकोला कोलियरी मे यह यंत्र लगाया गया है। इन कोलियरियों मे एक डिस्प्ले भी लगाए गए हैं। यह प्रदूषण की मात्रा बताएगी। इन मशीनों में लगे पंप के माध्यम से आसपास के डस्ट को संग्रह कर प्रदूषण की मात्रा बताई जाती है। फिलहाल एना क्षेत्र में प्रदूषण 120 मापा गया है। इस यंत्र मे बताए जा रहे प्रदूषण की मात्रा को पर्यावरण व प्रदूषण नियंत्रण विभाग स्वयं मानीटरिग कर रहे हैं। 12 घंटे में एक बार प्रदूषण मापा जाएगा। इस यंत्र को पर्यावरण और प्रदूषण नियंत्रण विभाग के निर्देश पर ही बीसीसीएल अपने क्षेत्र में लगा रहा है। अगर किसी क्षेत्र के प्रदूषण की मात्रा अत्यधिक बढ़ी तो पर्यावरण और प्रदूषण नियंत्रण विभाग इस ओर कार्रवाई कर रोकथाम के लिए आवश्यक कदम उठाएगा।

----

प्रदूषण की सही मात्रा की जांच समय समय पर हो सके, इसलिए इस यंत्र को लगाया गया है, ताकि प्रदूषण के बढ़ने पर आसपास के लोगों को राहत दिलाई जा सके। इस यंत्र की मानीटरिग सीधे पर्यावरण विभाग कर रहा है।

- प्रणव दास, पीओ एना कोलियरी।

Edited By Jagran

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept