जम्मू-कश्मीर में इस साल 117 युवा आतंकवाद में हुए शामिल, सीआरपीएफ की रिपोर्ट

केरिपुब सूत्रों के अनुसार जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्था का और पुख्ता बनाने के लिए जल्द केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की पांच अतिरिक्त कंपनियों की तैनाती की जा रही है। इन कंपनियों को तैनात करने की प्रक्रिया अगले कुछ दिनों में पूरी हो जाएगी।

Rahul SharmaPublish: Thu, 18 Nov 2021 08:31 AM (IST)Updated: Thu, 18 Nov 2021 12:57 PM (IST)
जम्मू-कश्मीर में इस साल 117 युवा आतंकवाद में हुए शामिल, सीआरपीएफ की रिपोर्ट

जम्मू, राज्य ब्यूरो : वर्ष 2021 में अब तक जम्मू कश्मीर में विभिन्न आतंकवादी संगठनों द्वारा 117 युवाओं को आतंकवाद में शामिल किया गया है।

केंद्रीय रिजर्व पुलिस फोर्स के सूत्रों के मुताबिक आतंकवादियों की पूरी कोशिश है कि युवाओं को बंदूक थमाकर प्रदेश के हालात खराब करने की कोशिश की जाए। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल इस समय जम्मू कश्मीर में आतंकवाद का सामना करने के साथ कानून एवं व्यवस्था बनाने में भी सहयोग दे रही है। इस समय बल की 48 बटालियनें जम्मू कश्मीर में तैनात हैं।

केरिपुब सूत्रों के अनुसार जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्था का और पुख्ता बनाने के लिए जल्द केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की पांच अतिरिक्त कंपनियों की तैनाती की जा रही है। इन कंपनियों को तैनात करने की प्रक्रिया अगले कुछ दिनों में पूरी हो जाएगी।

केंद्रीय गृह सचिव ने जम्मू कश्मीर की सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की: केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला ने जम्मू कश्मीर की सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कश्मीर में पिछले दिनों हुई चुनिंदा हत्याओं के बाद उपजे हालात पर सुरक्षा परिदृश्य का जायजा लिया। बैठक में जम्मू कश्मीर के मुख्य सचिव अरुण कुमार मेहता, पुलिस महानिदेशक दिलबाग सिंह, बीएसएफ व सीआरपीएफ के महानिदेशक और आईबी के अधिकारी शामिल हुए। बैठक में जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई। गृह विभाग के अधिकारी ने बताया कि केंद्रीय गृह सचिव ने जम्मू-कश्मीर में एकीकृत सुरक्षा नेटवर्क के कामकाज की समीक्षा की समीक्षा की जिस में घुसपैठ को रोकने और कश्मीर घाटी में नागरिकों की हत्याओं को रोकने के उठाए गए कदमों पर विचार किया गया।

श्रीनगर के हैदरपोरा में गत दिनों आतंकवादियों के दो मददगारों के मारे जाने की घटना के बाद कश्मीर में उपजे हालात की भी समीक्षा की गई। बताते चलें कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अक्टूबर दौरे के दौरान सुरक्षा तंत्र मजबूत करने को एकीकृत सुरक्षा ढांचे को गठित करने के निर्देश दिए थे ताकि सीमा से घुसपैठ को रोका जा सके और चुनिंदा हत्याएं न हो। लखनऊ में पुलिस महानिदेशक और आईजी की राष्ट्रीय कांफ्रेंस 19 अक्टूबर से हो रही है। इसमें जम्मू कश्मीर के सुरक्षा हालात पर भी चर्चा होगी। पिछले महीने से कश्मीर में सुरक्षा का ढांचा मजबूत किया गया है। नए सुरक्षा प्रबंधों के तहत के हाइब्रिड आतंकवाद पर काबू पाने के लिए खुफिया एजेंसियां, एनआइए और अन्य सुरक्षा बल काम कर रहे हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने श्रीनगर में पिछले महीने सुरक्षा हालात पर बैठक में घुसपैठ राेकने व हाईब्रिड आतंकियों पर अंकुश लगाने के निर्देश दिए थे।

Edited By Rahul Sharma

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept
ट्रेंडिंग न्यूज़

मौसम