This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.
OK

पेट्रोल पंप मालिकों से धोखाधड़ी के आरोपित गिरफ्तार

थाना गुहला क्षेत्र के दो पेट्रोल पंपों से तेल के बाद फोन-पे के माध्यम से 15 हजार रुपये की धोखाधड़ी के आरोपित जीजा-साला को सीआइए टू पुलिस ने गिरफ्तार किया है।

JagranMon, 19 Apr 2021 06:11 AM (IST)
पेट्रोल पंप मालिकों से धोखाधड़ी के आरोपित गिरफ्तार

जागरण संवाददाता, कैथल : थाना गुहला क्षेत्र के दो पेट्रोल पंपों से तेल के बाद फोन-पे के माध्यम से 15 हजार रुपये की धोखाधड़ी के आरोपित जीजा-साला को सीआइए टू पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपितों में फोन-पे कंपनी में कार्यरत जिला करनाल गांव मोहड़ी निवासी सुशील व उसका साला साकरा गांव निवासी विशाल शामिल है। आरोपितों से दो मोबाइल फोन, एक मोटरसाइकिल, हड़पी गई पांच हजार की नकदी बरामद की है। आरोपितों को अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

सीआइए-टू पुलिस थाना में डीएसपी सुनील कुमार ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए बताया कि गांव खरकां निवासी हरनेंद्र पाल सिंह का गांव खरकां व चीका रोड गांव थेह बुटाना में अलग-अलग दो पेट्रोल पंप है। जहां पर उसने ग्राहकों की सुविधा को मध्य नजर रखते हुए पेट्रोल-डीजल डलवाने के बाद डिजिटल पेमेंट के लिए फोन-पे क्यूआर कोड स्थापित करवाए गए थे। उक्त पेट्रोल पंपों के मालिक हरनेंद्र पाल सिंह की शिकायत पर 10 अप्रैल को थाना गुहला में दर्ज केस अनुसार पिछले कुछ दिनों से उसके खाते में गड़बड़ी मिली। पांच फर्जी ट्रांजेक्शनों के 15021 रुपये की नकदी उसके खाते में नहीं आई। इसकी शिकायत पुलिस को दी गई। एसपी ने मामला संज्ञान में आने के बाद सीआइए टू पुलिस को जांच सौंपी।

डीएसपी ने बताया कि सीआइए टू पुलिस ने इसकी जांच करते हुए करनाल जिला के गांव मोहड़ी निवासी सुशील कुमार जो करनाल फोन-पे कंपनी का कर्मचारी बताया गया है, जिसे पर कैथल, करनाल व कुरुक्षेत्र जिलों में पेट्रोल पंपों पर फोन-पे क्यूआर कोड लगवाने के इच्छुक पेट्रोल पंपों का कार्य करने की जिम्मदारी सौंपी गई है, जबकि दूसरा आरोपित साकरा निवासी उसका साला विशाल शामिल है। आरोपित सुशील ने बताया कि वह फोन-पे कंपनी में एफएसओ के पद पर काम करके पेट्रोल पंपों पर क्यूआर कोड लगाता है। उनका बैंक खाता, मोबाइल नंबरों आदि की डिटेल के अतिरिक्त सेल्समैन को विश्वास में लेकर उनसे फोन-पे कर्मचारी होने का फायदा उठाकर ओटीपी भी हासिल कर लिया।

बता दें कि पेट्रोल पंप सहित अन्य संस्थानों पर सेल्समैन अपने मालिक से प्रत्येक पेमेंट बारे संबंध स्थापित करके पेमेंट पहुंचने की पुष्टि करने के झंझट से बचने के लिए आमतौर पर इस प्रकार के मामलों में पेट्रोल पंप के मालिक सेल्समैन को अपने फोन से लीगल माध्यम के साथ अटैच कर लेते हैं, जिस कारण वे मौके पर पेमेंट होने की खुद पुष्टि कर लेते है। आरोपित सुशील ने अपनी आटा चक्की के नाम पर एक फोन-पे बिजनेस का खाता खोलकर अपने दो क्यूआर कोड लिए हुए हैं। सुशील ने अपने4 साले के साथ मिलकर पेट्रोल पंप पर जाकर अपने वाहन में तेल डलवाने के बाद वहां के डिजिटल पेमेंट क्यूआर कोड को स्कैन करने का ढोंग रचने के बाद फोन में सेव किए गए आटा चक्की के क्यूआर कोड के माध्यम धोखाधड़ी कर पैसे हड़प रहा था। आरोपित सुशील ने बताया कि थेह बुटाना व खरकां के अतिरिक्त संदीप फिलिग स्टेशन पिहोवा व कृष्णा फिलिग स्टेशन आहूं पर अक्टूबर 2020 से अप्रैल 2021 तक एक लाख पांच हजार रुपये की धोखाधड़ी की है।

Edited By Jagran

कैथल में कोरोना वायरस से जुडी सभी खबरे

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!