बहादुरगढ़ एसडीएम ने गिनाए पशु किसान क्रेडिट कार्ड के फायदे, कहा-इससे आत्मनिर्भर बनेंगे पशुपालक

पशु किसान क्रेडिट कार्ड से बाजार में प्रचलित अन्य किसी साधारण डेबिट कार्ड की तरह किसी भी एटीएम मशीन से राशि निकलवाने या बाजार से कोई भी खर्चदारी करने के लिए प्रमाणित लिमिट के अनुसार प्रयोग किया जा सकता है।

Rajesh KumarPublish: Tue, 30 Nov 2021 03:20 PM (IST)Updated: Tue, 30 Nov 2021 03:20 PM (IST)
बहादुरगढ़ एसडीएम ने गिनाए पशु किसान क्रेडिट कार्ड के फायदे, कहा-इससे आत्मनिर्भर बनेंगे पशुपालक

जागरण संवाददाता, बहादुरगढ़। एसडीएम भूपेंद्र सिंह ने पशु किसान क्रेडिट कार्ड योजना के बारे में किसानों को अवगत करवाया। एसडीएम भूपेंद्र सिंह ने कहा कि पशुपालन एवं डेयरी विभाग हरियाणा द्वारा पशुओं की देखरेख एवं पालन के लिए पशु किसान क्रेडिट कार्ड (पीकेसीसी) प्रदान किया जाएगा। पशु किसान क्रेडिट कार्ड द्वारा पशुपालकों को कार्यशील पूंजी प्रदान की जाएगी। एसडीएम ने कहा कि पशु किसान क्रेडिट कार्ड योजना पशुपालकों के लिए वरदान सिद्ध होगी। उन्होंने कहा कि पशुपालकों को एक गाय के लिए 40 हजार 783 रुपये, भैंस के लिए 60 हजार 249 रुपय, प्रत्येक भेड़-बकरी के लिए 4063 रुपये तथा सुअर के लिए 16 हजार 249 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।

ऋण का भी है प्रावधान

एसडीएम ने कहा कि यह सहायता राशि भैंस के लिए 6 महीने तथा भेड़, बकरी सुअर के लिए 12 महीनों में बराबर किश्तों में प्रदान की जाएगी। इस योजना के तहत कुक्कुट तथा मत्स्य पालन के लिए भी ऋण का प्रावधान है। एसडीएम ने कहा कि कोरोना महामारी के इस दौर में पशुपालकों के लिए यह योजना एक वरदान के समान है। इस योजना में एक लाख 60 हजार रुपये तक की राशि बिना किसी जमानत के प्रदान करने का प्रावधान है। इस पर ब्याज की दर साधारण सात फीसद सालाना होगी। यदि पशुपालन ऋण का भुगतान समय पर कर देता है और एक वर्ष की समयावधि में एक बार ऋण मात्र शून्य कर देता है, तो ब्याज राशि पर तीन फीसद छूट का भी प्रावधान है। यह छूट ज्यादा से ज्यादा तीन लाख रुपये तक के ऋण पर दी जाएगी। ऋण राशि तीन लाख रुपये से अधिक होने या समय पर भुगतान न करने की स्थिति में ब्याज का भुगतान 12 फीसद सालाना की दर से करना होगा।

पशुओं का करवाना होगा बीमा

एसडीएम ने कहा कि पशु किसान क्रेडिट कार्ड से बाजार में प्रचलित अन्य किसी साधारण डेबिट कार्ड की तरह किसी भी एटीएम मशीन से राशि निकलवाने या बाजार से कोई भी खर्चदारी करने के लिए प्रमाणित लिमिट के अनुसार प्रयोग किया जा सकता है। कोई भी पशुपालक जिस भी पशुओं के विरुद्ध किसान क्रेडिट कार्ड लेना चाहता है, उसे उन पशुओं के कान में 12 अंकों वाला टैग लगवा कर, पंजीकरण एंव बीमा कराना होगा। उसके बाद किसान क्रेडिट कार्ड आवेदन के लिए आवश्यक केवाइसी दस्तावेजों के साथ बैंक में जमा करवाना होगा। एसडीएम ने बताया कि पशुपालक को पशुओं की भिन्न-भिन्न श्रेणियों और वित्तीय पैमाने की अवधि के अनुसार प्रत्येक माह बराबर ऋण दिया जाएगा। उदाहरण के तौर पर यदि पशुपालक के पास दो गाय एवं एक भैंस है तो उसे बिना किसी जमानत के एक लाख 41 हजार 815 रुपये का ऋण पशु किसान क्रेडिट कार्ड के माध्यम से मिल सकता है, जो उसे छह महीनों तक 23 हजार 635 रुपये की बराबर किश्तों में मिलेगा।

पशुपालन विभाग एवं बैंक बराबर के अधिकार

एसडीएम ने कहा कि इस योजना को क्रियान्वित करने के लिए पशुपालन विभाग एवं बैंक बराबर के हिस्सेदार हैं तथा लाभ उठाने के लिए पशुपालक किसी से भी संपर्क कर सकता है। पशुपालन विभाग के उपनिदेशक डा. मनीष डबास ने बताया कि यदि पशुपालक किसान ने पहले से कोई डेयरी का लोन या खेत के लिए किसान क्रेडिट कार्ड लिया हुआ है, तब भी वह इस योजना का लाभ उठा सकता है। पशुपालकों तक किसान क्रेडिट कार्ड पहुंचाने के लिए पशुपालन विभाग प्रतिबद्ध है तथा अधिक से अधिक पशु किसान क्रेडिट कार्ड बनाने के लिए भी सभी बैंकों को निर्देश जारी किए जा चुके हैं।

Edited By Rajesh Kumar

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