चार दिन बाद प्रदूषण में थोड़ी राहत, पर जहरीली हवा बरकरार

दीपावली के चार दिन बाद वायु प्रदूषण का स्तर कम हुआ है लेकिन हवा अभी भी जहरीली बनी हुई है। सोमवार को शहर में पीएम 2.5 का स्तर 370 दर्ज किया गया जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है।

JagranPublish: Mon, 08 Nov 2021 06:02 PM (IST)Updated: Mon, 08 Nov 2021 07:10 PM (IST)
चार दिन बाद प्रदूषण में थोड़ी राहत, पर जहरीली हवा बरकरार

जागरण संवाददाता, गुरुग्राम: दीपावली के चार दिन बाद वायु प्रदूषण का स्तर कम हुआ है लेकिन हवा अभी भी जहरीली बनी हुई है। सोमवार को शहर में पीएम 2.5 का स्तर 370 दर्ज किया गया, जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। पीएम 2.5 का स्तर 50 से अधिक होने पर स्वास्थ्य के लिए हानिकारक माना जाता है। हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों का कहना है कि शहर में वायु प्रदूषण कम करने पर काम तेजी से किया जा रहा है। अगले कुछ दिनों में प्रदूषण का स्तर कम कर लिया जाएगा। शहर में वायु प्रदूषण का असर दिन रात देखा जा सकता है। सूरज की रोशनी पर प्रदूषण की चादर भारी पड़ रही है।

बुखार के मरीज कम हुए तो सांस संबंधित मरीज बढ़े

सेक्टर-10 जिला अस्पताल में बुखार से ग्रस्त मरीजों की संख्या कम हुई है लेकिन सांस संबंधी परेशानी को लेकर आने वाले मरीजों की संख्या बढ़ रही है। सिविल सर्जन डा. विरेंद्र यादव ने कहा कि पटाखों का धुआं मच्छरों के लिए घातक साबित होता है और मच्छर खत्म हो गए हैं। जिस कारण अब मच्छरों के कारण बीमार होने वाले मरीजों की संख्या बहुत कम हो जाएगी। डेंगू मच्छरों का खतरा लगभग खत्म हो जाएगा लेकिन अधिक प्रदूषण के कारण सांस संबंधित परेशानी वाले मरीज अधिक आ रहे हैं। बुजुर्गों के अलावा युवा भी सांस की समस्या को लेकर ओपीडी में पहुंच रहे हैं। कुछ मरीजों को भर्ती किया गया है। जिन्हें दो -तीन इलाज के बाद छुट्टी दी जाएगी।

शहर में पानी का छिड़काव कराया जा रहा है। नगर निगम व फायर ब्रिगेड की गाड़ी से लेकर शहर में उन कंपनियों की गाड़ियां भी लगी हुई हैं जिनके पास स्वयं की फायर गाड़ी है। सड़क, पेड़-पौधों पर पानी का छिड़काव कराने के साथ जहां पर सड़क,पूल निमार्ण कार्य चल रहा है उन स्थानों पर पानी का छिड़काव करना जरूरी कर दिया गया है।

-कुलदीप सिंह, क्षेत्रीय अधिकारी, हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, गुरुग्राम

नहीं हो रहा ग्रेप का असर, ज्यादातर इलाकों में एक्यूआइ 300 से ऊपर

जागरण संवाददाता, गुरुग्राम: प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए लागू किए ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) का असर नजर नहीं आ रहा है। चुनिदा सड़कों पर पानी का छिड़काव करने जैसे ही उपाय किए जा रहे हैं और ग्रेप की अवहेलना करने वालों के चालान नहीं काटे जा रहे हैं। नतीजन, दीपावली के बाद से स्माग भी छाने लगा है। हवा में नमी की मात्रा बढ़ने, तेज हवा नहीं चलने और तापमान में गिरावट आने के कारण जहरीली गैसें स्माग पैदा कर रही हैं। प्रदूषण के कारण आंखों में जलन, सिरदर्द और सांस लेने जैसी परेशानी बढ़ गई है। हालात ये है कि शहर के ज्यादातर इलाकों का एक्यूआइ 300 से ज्यादा है। 50 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर या इससे कम आंकड़ा हो तो ही हवा स्वच्छ होती है। दिन में पीएम 2.5 का स्तर

एक नवंबर - 287

दो नवंबर - 276

तीन नवंबर - 354

चार नवंबर - 479

पांच नवंबर - 490

छह नवंबर - 489

सात नवंबर - 481

आठ नवंबर - 373 कहां कितना प्रदूषण का स्तर (पीएम 2.5)

सुभाष मार्ग 366

बोटेनिकल गार्डन 335

सेक्टर 42 333

सेक्टर 51 308

बंधवाड़ी 303

बायोडायवर्सिटी पार्क 333

(जीएमडीए के प्रदूषण मापक यंत्रों से लिए गए आंकड़े)

Edited By Jagran

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept
ट्रेंडिंग न्यूज़

मौसम