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विश्व के नंबर वन प्लेयर रह चुके हैं दीपिका पादुकोण के पापा, जानें प्रकाश पादुकोण के बैडमिंटन रिकॉर्ड

बॉलीवुड की खूबसूरत अभिनेत्री दीपिका पादुकोण के पापा प्रकाश पादुकोण दुनिया के नंबर वन बैडमिंटन प्‍लेयर रहे हैं। उन्‍होंने अपने करियर में गोल्‍ड समेत दर्जनों अंतरराष्‍ट्रीय मेडल हासिल कर चुके हैं। प्रकाश पादुकोण पहले भारतीय हैं जिन्‍होंने ऑल इंग्‍लैंड चैंपियनशिप जीती है। उनके नाम कई और अवॉर्ड हैं। जन्‍मदिन के मौके पर जानते हैं प्रकाश पादुकोण के खेल करियर और जिंदगी के बारे में।

Rizwan Noor Khan
Rizwan Noor Khan10 Jun, 2021

Prakash Padukone & Deepika Padukone. Image courtesy- Instagram

पिता के नक्‍शेकद पर चले प्रकाश पादुकोण
कर्नाटक के बैंगलौर में 10 जून 1955 को जन्‍में प्रकाश पादुकोण को बचपन से ही घर में खेल का माहौल मिला। उनके पिता रमेश पादुकोण मैसूर बैडमिंटन एसोसिएशन के सचिव थे। बैडमिंटन में वह बड़ा रसूख रखते थे। इसका असर बेटे प्रकाश पादुकोण पर पड़ा और उनके अंदर बैडमिंटन प्‍लेयर बनने का सपना जाग गया।

7 साल की उम्र में खेला पहला टूर्नामेंट
पिता के दिखाए रास्‍ते पर चलते हुए प्रकाश पादुकोण ने 7 साल की उम्र में 1962 में ऑफिशियली ज‍ूनियर टूर्नामेंट में भाग लिया। इस मैच में वह पहले ही राउंड में हारकर बाहर हो गए। पहली हार से सबक लेते हुए प्रकाश पादुकोण ने खूब मेहनत की और दो साल बाद 1964 में उन्‍होंने स्‍टेट जूनियर टाइटल जीतकर अपनी काबिलियत का लोहा मनवा दिया।

लगातार 7 साल तक नेशनल चैंपियन
प्रकाश पादुकोण ने अंतरराष्‍ट्रीय स्‍तर पर मैच जीतने के लिए अपनी खेल के तरीके में बदलाव करते हुए बचाव से ज्‍यादा आक्रामक तरीके को बेहतर किया। 1972 में अपनी आक्रामक स्‍टाइल के चलते प्रकाश पादुकोण नेशनल जूनियर चैंपियन बने। इसी वर्ष वह सीनियर नेशनल चैंपियन भी बने। प्राकश पादुकोण का सफर यही नहीं रुकने वाला थ वह लगातार 7 बार नेशनल चैंपियन बने।

कॉमनवेल्‍थ गेम्‍स में गोल्‍ड पर निशाना
प्रकाश पादुकोण अंतरराष्‍ट्रीय स्‍तर की ट्रेनिंग के लिए कई साल तक डेनमार्क में रहे और यूरोपियन प्‍लेयर्स के साथ दोस्‍ती की और उनकी खेलने की कला सीखी। 1978 में उन्‍होंने अपना पहला अंतरराष्‍ट्रीय और पहला गोल्‍ड मेडल कनाडा के एडमंटोन में हुए कॉमनवेल्‍थ गेम्‍स में जीता। 1979 में वह रॉयल एलबर्ट हॉल लंदन में ईवनिंग ऑफ चैंपियंस बने। 1980 में वह डेनिश ओपन, स्‍वीडिश ओपन जीतने के साथ वह पहले भारतीय बने जिन्‍होंने ऑल इंग्‍लैंड चैंपियनशिप जीती।

Prakash Padukone. Image courtesy- Twitter

दुनिया के नंबर वन बैडमिंटन प्‍लेयर
1980 में ऑल इंग्‍लैंड चैंपियनशिप जीतते ही वह पहली रैंक हासिल करते ही दुनिया के नंबर वन बैडमिंटन प्‍लेयर बन गए। प्रकाश पादुकोण ने साल 1991 में बैडमिंटन से सन्‍यास ले लिया और बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया के चेयरमैन बने। प्रकाश पादुकोण ने अपने करियर में वर्ल्‍डकप और कॉमनवेल्‍थ गेम्‍स समेत अंतरराष्‍ट्रीय टूर्नामेंट में दो गोल्‍ड समेत दर्जनों मेडल अपने नाम किए हैं।

Prakash Padukone With Family. Image courtesy- Instagram

परिवार में पत्‍नी और दो बेटियां
प्रकाश पादुकोण को 1972 में अर्जन अवॉर्ड से नवाजा गया और इसके बाद उन्‍हें 1982 में नागरिक सम्‍मान पद्मश्री से सम्‍मानित किया गया। प्रकाश पादुकोण ओलंपिक खेलों को भारत में प्रमोट करने वाली संस्‍था ओलंपिक गोल्‍ड क्‍वेस्‍ट के सह-संस्‍थापक भी हैं। प्रकाश पादुकोण और उनकी पत्‍नी उज्‍ज्‍वाला से दो बेटिया दीपिका पादुकोण और अनीशा पादुकोण हैं। दीपिका पादुकोण मशहूर बॉलीवुड अभिनेत्री हैं तो अनीसा गोल्‍फ प्‍लेयर हैं।...Next

 

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