रटकर नहीं समझकर करें इतिहास की तैयारी

समस्तीपुर। इतिहास मानविकी वर्ग का महत्वपूर्ण विषय है। इसमें अतीत की घटनाओं का वर्तमान परिपेक्ष्य में पुनरावलोकन किया जाता है।

JagranPublish: Sun, 23 Jan 2022 11:29 PM (IST)Updated: Sun, 23 Jan 2022 11:29 PM (IST)
रटकर नहीं समझकर करें इतिहास की तैयारी

समस्तीपुर। इतिहास मानविकी वर्ग का महत्वपूर्ण विषय है। इसमें अतीत की घटनाओं का वर्तमान परिपेक्ष्य में पुनरावलोकन किया जाता है। विभिन्न साक्ष्यों जैसे साहित्यिक, पुरातात्विक और विदेशी यात्रियों के विवरण के आधार पर इतिहास समझने की प्रक्रिया पाठ्यक्रम के अनुसार सरल व सुगम हुई है। विद्यार्थी इतिहास को बहुत उबाऊ विषय मानते हैं, जबकि यह बहुत ही रोचक विषय है। विद्यार्थियों को देश-विदेश की पुरानी घटनाओं को जानने के लिए अपने भीतर ललक पैदा करने की जरूरत है। छात्रों को प्रश्नों का उत्तर लिखते समय यह ध्यान रखना होगा कि इतिहास मात्र तथ्यों का संकलन नहीं बल्कि यह एक समीक्षात्मक और विवेचनात्मक विषय है। मॉडल प्रश्नपत्र तय समय में हल करने का करें अभ्यास : फोटो : 23 एसएएम 19 बीआर कॉलेज के प्राध्यापक प्रो. रोहित प्रकाश ने बताया कि इतिहास की तैयारी रटकर नहीं, बल्कि समझ कर करनी चाहिए। पूरे कोर्स का अध्ययन अवश्य करें। परीक्षा के दौरान समय प्रबंधन का ध्यान रखें। दीर्घ उत्तरीय प्रश्नों के उत्तर के लिए नोट्स अवश्य बनाएं। उत्तर निर्धारित शब्द सीमा में लिखने का पूर्वाभ्यास अवश्य कर लें। महत्वपूर्ण बिदुओं को हमेशा ध्यान में रखें। मानचित्र अंकन का ध्यानपूर्वक अभ्यास करें। बहुविकल्पीय एवं अति लघु उत्तरीय प्रश्न समझने के लिए पूरा कोर्स तैयार करें। महत्वपूर्ण ऐतिहासिक तिथियां अवश्य याद रखें। मॉडल प्रश्नपत्र तय समय में हल करने का अभ्यास करें। आपका परिश्रम आपकी उत्तरपुस्तिका में दिखना चाहिए। आपका लेखन साफ, सुथरा व स्पष्ट होना चाहिए। शॉट नोट्स बनाकर परीक्षा की करें तैयारी :

फोटो : 23 एसएएम 20

बीआरबी कॉलेज के प्राध्यापक प्रो. विकास कुमार ने बताया कि अपने नोट बुक के पाठ का शॉट नोट बना लें। इससे परीक्षा की तैयारी करने में आसानी होगी। साथ ही याद करने में भी दिक्कत नहीं आएगी। आपको यदि तिथि याद करने में दिक्कतें आ रही है, तो चार्ट बनाकर याद करने से यह आसान हो जाएगा। चार्ट में साल, युद्ध, स्थान, विजय व हार जैसे कॉलम बनाकर अपने पास रखें और परीक्षा से पहले याद कर लें। इससे अवश्य ही इतिहास के सन और काल याद रहेंगे। जिन्हें लेकर भ्रम की स्थिति हो लिखकर देखें, या किसी घटनाक्रम से जोड़कर देखें। ऐसा करने से आपको घटनाओं के मध्य भ्रम की स्थिति नहीं होगी। महत्वपूर्ण अध्याय

- हड़प्पा सभ्यता।

- राजा, किसान और नगर : आरंभिक राज्य और अर्थव्यवस्था (मगध साम्राज्यवाद, मौर्य साम्राज्यवाद)

- विचारक, विश्वास और इमारतें : सांस्कृतिक विकास (बौद्ध धर्म एवं जैन धर्म)

- भक्ति - सूफी परंपराएं

- किसान, जमींदार और राज्य (मुगल साम्राज्य)

- विद्रोही और राज : 1857 का आंदोलन

- महात्मा गांधी और राष्ट्रीय आंदोलन

- संविधान का निर्माण इंटर परीक्षा का पैटर्न

इंटर परीक्षा में दो खंड से प्रश्न पूछे जाएंगे। इसमें खंड अ से 50 अंक के प्रश्न होंगे। इसमें कुल 100 प्रश्न रहेंगे। जिसमें से 50 प्रश्न का उत्तर देना है। सभी प्रश्न एक-एक अंक के होंगे। खंड ब में भी 50 अंक के प्रश्न पूछे जाएंगे। इसमें 30 अंक के लघु उत्तरीय व 20 अंक के दीर्घ उत्तरीय प्रश्न होंगे। लघु उत्तरीय में 30 प्रश्न दिए जाएंगे। जिसमें से 15 प्रश्नों का उत्तर देना है। सभी प्रश्न दो-दो अंक के रहेंगे। लघु उत्तरीय प्रश्नों का उत्तर कम से कम शब्दों में तथ्यपरक होना चाहिए। इसके अलावा दीर्घ उत्तरीय आठ प्रश्न पूछे जाएंगे। इसमें चार प्रश्नों का उत्तर देना है। सभी प्रश्न पांच-पांच अंक के होंगे। दीर्घ उत्तरीय प्रश्नों का उत्तर 100 से 120 शब्दों में दिया जाना है। उत्तर लिखते समय बिन्दुवार लिखने से समय की बचत एवं सभी तथ्य शामिल हो जाते है। महत्वपूर्ण तथ्यों के साथ विश्लेषण करें।

Edited By Jagran

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