पटना ज्‍वेलरी डाका कांड का पुलिस आज करेगी पर्दाफाश, शातिर अपराधी रवि पेशेंट की खुलेगी पोल

पटना के बाकरगंज सोना लूट मामले का पुलिस आज पर्दाफाश कर सकती है। फिलहाल पुलिस राजधानी के अलग-अलग इलाकों में छापेमारी कर रही है। सूत्रों के अनुसार कुख्‍यात रवि पेशेंट ने ही साथियों के साथ वारदात अंजाम दिया था।

Vyas ChandraPublish: Mon, 24 Jan 2022 01:03 PM (IST)Updated: Mon, 24 Jan 2022 01:37 PM (IST)
पटना ज्‍वेलरी डाका कांड का पुलिस आज करेगी पर्दाफाश, शातिर अपराधी रवि पेशेंट की खुलेगी पोल

पटना, जागरण संवाददाता। पटना के बाकरगंज सोना लूट मामले का पुलिस आज पर्दाफाश कर सकती है।  फिलहाल पुलिस राजधानी के अलग-अलग इलाकों में छापेमारी कर रही है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार कुख्‍यात रवि पेशेंट ने ही साथियों के साथ वारदात अंजाम दिया था। सोना लूटने में सात से अधिक अपराधी शामिल थे। चार से अधिक बाइक का इस्‍तेमाल बदमाशों ने किया था। पुलिस ने अब तक बुलेट, पल्‍सर और अपाची बाइक बरामद कर ली है। आज पुलिस इस मामले में प्रेस कांफ्रेंस कर जानकारी दे सकती है।सोना लूट के लिए आए अपराधियों ने पूरी तैयारी कर रखी थी। दुकान के चारों तरफ वे फैल गए थे। जरूरत पड़ने पर पुलिस से लोहा लेने की तैयारी भी उनलोगों के पास थी। 

20 जनवरी को बाकरगंज में हुई थी सोने की लूट

बता दें कि 20 जनवरी को बाकरगंज में सोना लूट की बड़ी वारदात हुई थी। पुलिस ने तफ्तीश तेज की तो रवि पेशेंट से इसके तार जुड़ते चले गए। सूत्रों की मानें तो रवि पेशेंट, विकास, सोनू सहित छह अपराधी पकड़े गए है। दो अन्य की तलाश में पुलिस नालंंदा और झारखंड में दबिश दे रही है। विकास और सोनू 2014 और 2016 में पत्रकारनगर थाना के केस में जेल जा चुके हैं। बताया जाता है कि वारदात के दिन पकड़े गए साधु ने ही अपराधियों को हायर किया था। साधु को पहले ही उसके हिस्‍से की रकम मिल चुकी थी। साधु ने पकड़े जाने पर बताया था कि पत्रकारनगर में बुलेट और पल्सर रखी हुई है, उससे सभी भागने वाले थे। उसी की निशानदेही पर दोनो बाइक भी मिली है।

मालूम हो कि अपराधियों से पूछताछ और तकनीकी जांच के आधार पर पुलिस और एसटीएफ की टीम रांची, धनबाद समेत आसपास के जिलों में कैंप कर रही है। इसमें झारखंड पुलिस की भी मदद ली जा रही है। इसके अलावा नेपाल से सटे इलाकों में भी जिला पुलिस को अलर्ट किया गया है। पुलिस को शक है कि मौके का फायदा उठाकर अपराधियों ने अपने साथियों की मदद से सोना राज्य से बाहर भेज दिया है।

तकनीकी आधार पर पुलिस को मिली सफलता 

सोना लूट कांड में एसटीएफ की टीम मुख्य रूप से पटना पुलिस को तकनीकी मदद पहुंचा रही है। इसके अलावा केस सुलझाने में सीआइडी की भी मदद ली जा रही है। बाकरगंज लूटकांड के बाद पकड़े गए अपराधी के मोबाइल से मिले नंबरों और बताए गए पते को साइबर टीम की मदद से मैच कराया जा रहा है। इसके अलावा जिन संदिग्ध आरोपितों के नाम मामले में सामने आए हैं, उनके मोबाइल नंबर का आखिरी लोकेशन भी देखा जा रहा है। घटना से पहले लूटकांड में शामिल अपराधी ने जिन-जिन नंबरों पर बात की, उन सभी की पहचान कर इसकी जानकारी जिला पुलिस को दी जा रही है। इसके बाद संबंधित जिला पुलिस उन अपराधियों को उठाकर पूछताछ कर रही है। 

तीन दर्जन से अधिक से हुई पूछताछ

सोना लूट कांड मामले में पटना, जहानाबाद, गया, वैशाली समेत आधा दर्जन जिलों की पुलिस ने अभी तक तीन दर्जन से अधिक संदिग्धों से पूछताछ की है। मोबाइल नंबर के आधार पर पिछले एक माह के टावर लोकेशन से अपराधियों के संदिग्ध ठिकाने का पता लगाया जा रहा है। वह जिन-जिन शहर या इलाके में रहे हैं, उन इलाकों के अपराधियों से भी पूछताछ की जा रही है।

Edited By Vyas Chandra

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