बिहार बोर्ड ने छात्र-छात्रों को परीक्षा को लेकर दी बड़ी सुविधा, प्रवेश पत्र में भी किया सुधार

Bihar Board News इंटर की सैद्धांतिक विषयों की परीक्षा के लिए प्रवेश पत्र बोर्ड द्वारा जारी कर दिए गए हैं। प्रवेश पत्र में जूता व मोजा नहीं पहनकर आने की बात कही गई थी उसमें बोर्ड ने सुधार करते हुए जूता-मोजा पहनकर आने की अनुमति प्रदान कर दी।

Akshay PandeyPublish: Tue, 25 Jan 2022 03:34 PM (IST)Updated: Tue, 25 Jan 2022 03:34 PM (IST)
बिहार बोर्ड ने छात्र-छात्रों को परीक्षा को लेकर दी बड़ी सुविधा, प्रवेश पत्र में भी किया सुधार

जागरण संवाददाता, पटना: Bihar Board News: बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने राज्य में भीषण ठंड के मद्देनजर परीक्षाथिर्यों को जूता-मोजा पहनकर इंटर की परीक्षा में बैठने की अनुमति प्रदान कर दी है। इंटर की सैद्धांतिक विषयों की परीक्षा एक से चौदह फरवरी तक आयोजित की जाएगी। इसके लिए प्रवेश पत्र बोर्ड द्वारा जारी कर दिए गए हैं। प्रवेश पत्र में जूता व मोजा नहीं पहनकर आने की बात कही गई थी, उसमें बोर्ड ने सुधार करते हुए जूता-मोजा पहनकर आने की अनुमति प्रदान कर दी। इस संबंध में बोर्ड ने छात्र-छात्राओं,अभिभावकों, केन्द्राधीक्षकों, नोडल अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी एवं जिला पदाधिकारी को निर्देश दिया है। 

परीक्षा व पंजीयन शुल्क जमा करने की अंतिम अवधि आज

बिहार बोर्ड ने इंटर के परीक्षार्थियों को पंजीयन एवं परीक्षा शुल्क जमा करने की अंतिम अवधि 25 जनवरी को निर्धारित किया है। मंगलवार को यह अवधि समाप्त हो जाएगी। बोर्ड ने सभी परीक्षार्थियों को निर्देश दिया है कि वे अपना परीक्षा एवं पंजीयन शुल्क आनलाइन जमा कर दें। अभी काफी संख्या में परीक्षार्थियों ने पंजीयन एवं परीक्षा शुल्क नहीं दिया है। 

  • - जूता-मोजा पहनकर इंटर के छात्र अब दे सकेंगे एग्जाम
  • - प्रवेश पत्र पर दिए गए आदेश में बिहार बोर्ड ने किया संशोधन 

कोरोना गाइडलाइन का होगा पालन 

बोर्ड ने इंटर के सभी परीक्षार्थियों को निर्देश दिया है कि वे कोरोना गाइडलाइन का पालन करें। हर केन्द्र पर मास्क एवं सैनिटाइजर की व्यवस्था की जाएगी। हर बेंच पर अधिकतम दो ब'चों को बैठाया जाएगा। परीक्षार्थियों की संख्या अधिक होने पर बरामदे में या पंडाल लगाकर परीक्षा ली जाएगी। किसी भी हाल में ज्यादा भीड़ न हो इसका ख्याल रखा जाएगा। प्रत्येक केन्द्राधीक्षक को निर्देश दिया गया है कि परीक्षा केन्द्र पर परीक्षाथिर्यों की कुल संख्या से 5 प्रतिशत अधिक मास्क की व्यवस्था की जाए ताकि अगर कोई परीक्षार्थी बिना मास्क का परीक्षा केन्द्र पर आता है तो उसे मास्क मुहैया कराया जा सके। 

Edited By Akshay Pandey

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept