पूर्व परीक्षा नियंत्रक को पेंडिग सुधार कराने का जिम्मा, प्रति कुलपति की अध्यक्षता में बनी कमेटी

बीआरए बिहार विश्वविद्यालय की ओर से बीते दिनों जारी स्नातक प्रथम वर्ष व पीजी प्रथम सेमेस्टर के परिणाम में हुई गड़बड़ी को सुधारने के लिए विवि की ओर से योजना बनाई गई है।

JagranPublish: Fri, 07 Jan 2022 01:56 AM (IST)Updated: Fri, 07 Jan 2022 01:56 AM (IST)
पूर्व परीक्षा नियंत्रक को पेंडिग सुधार कराने का जिम्मा, प्रति कुलपति की अध्यक्षता में बनी कमेटी

मुजफ्फरपुर : बीआरए बिहार विश्वविद्यालय की ओर से बीते दिनों जारी स्नातक प्रथम वर्ष व पीजी प्रथम सेमेस्टर के परिणाम में हुई गड़बड़ी को सुधारने के लिए विवि की ओर से योजना बनाई गई है। इसके लिए पूर्व परीक्षा नियंत्रक सह विवि के ओएसडी डा. पंकज कुमार को जिम्मा सौंपा गया है। कुलपति ने उन्हें कहा है कि परिणाम में क्यों गड़बड़ी हुई इसका कारण पता कर इसे दो दिनों के भीतर सुधार कराएं। डा. पंकज ने जिम्मेदारी मिलने के बाद गुरुवार को परीक्षा विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ बैठक की। कहा कि बड़ी संख्या में विद्यार्थियों का परिणाम पेंडिग हुआ है। इसमें से एक हजार से अधिक छात्र-छात्राओं का नाम व रोल नंबर मैच नहीं कर रहा है। बैठक में प्रति कुलपति की अध्यक्षता में कमेटी का गठन कर जांच कराने का निर्णय लिया गया। कमेटी की अनुशंसा पर नाम और रोल नंबर में किसी तरह के बदलाव किए जाएंगे। परिणाम में गड़बड़ी के खिलाफ विद्यार्थियों ने किया हंगामा : स्नातक और पीजी के परिणाम में हुई गड़बड़ी के खिलाफ गुरुवार को भी छात्र छात्राओं ने विश्वविद्यालय के मुख्यालय में जमकर हंगामा किया। यह छात्र सीतामढ़ी, शिवहर, बेतिया, बगहा, वैशाली और मुजफ्फरपुर के कई प्रखंडों से पहुंचे थे। छात्र-छात्राओं का कहना था कि विश्वविद्यालय ने मनमाने तरीके से परिणाम जारी कर दिया है। इसमें रोल नंबर व नाम मैच नहीं कर रहा है। सैकडों की संख्या में छात्रों को प्रायोगिक परीक्षा में अनुपस्थित बता दिया गया है, जबकि वे परीक्षा में उपस्थित थे। छात्रों ने कहा कि यदि गड़बड़ी हुई है तो विवि के अधिकारियों को चाहिए कि वे विद्यार्थियों को इससे अवगत कराएं। अधिकारियों पर मामले को दबाने का आरोप लगाया।

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Edited By Jagran

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