कुशेश्वरस्थान के हरिनगर में मिला 25 दिनों से लापता युवक का शव, सनसनी

कुशेश्वरस्थान थानाक्षेत्र के हरिनगर गांव में शुक्रवार की दोपहर पानी से भरे गड्ढे में पिछले 25 दिनों से लापता गांव के ही युवक का शव शुक्रवार को मिला। शव मिलने के बाद गांव में सनसनी है। शव की पहचान गांव के ही फुचाय मुखिया के पुत्र सरोज मुखिया (38 वर्ष ) के रूप में की गई है।

JagranPublish: Fri, 21 Jan 2022 11:19 PM (IST)Updated: Fri, 21 Jan 2022 11:19 PM (IST)
कुशेश्वरस्थान के हरिनगर में मिला 25 दिनों से लापता युवक का शव, सनसनी

दरभंगा । कुशेश्वरस्थान थानाक्षेत्र के हरिनगर गांव में शुक्रवार की दोपहर पानी से भरे गड्ढे में पिछले 25 दिनों से लापता गांव के ही युवक का शव शुक्रवार को मिला। शव मिलने के बाद गांव में सनसनी है। शव की पहचान गांव के ही फुचाय मुखिया के पुत्र सरोज मुखिया (38 वर्ष ) के रूप में की गई है। बताया गया है कि सरोज मुखिया 27 दिसंबर की रात करीब 9 बजे खाना खाने के बाद बिना कुछ बताए घर से बाहर निकला। फिर लौट कर वापस नहीं आया। तीन दिनों तक परिवार के लोगों ने अपने स्तर से उसकी खोजबीन की। उसका कहीं कोई अता पता नहीं चला। स्वजनों ने 30 दिसंबर को थाना में आवेदन दिया। इस बीच परिवार वालों ने अपने स्तर से खोजबीन जारी रखी।

पुलिस प्रशासन की ओर से इस घटना को कोई संज्ञान नहीं लिया गया। पुलिस दिए गए आवेदन पर सनहा दर्ज किया या नहीं इसका भी कोई अता पता नहीं है।लोगों ने शुक्रवार के दोपहर गांव के बजरंगबली मंदिर के निकट पानी से भरे गड्ढे में शव को उपलाते हुए देखा। ग्रामीणों ने शव को गढ़्ढ़े से बाहर निकालकर इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी। सूचना मिलते ही सअनि गणेश पासवान एवं अशोक झा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच कर शव को कब्जा में लेकर पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया।शव को देखने से ऐसा प्रतीत नहीं हो रहा है कि डूबने की यह घटना 27 दिसंबर या इसके आस पास की है।मृतक के गले में कटे का निशाना है। वह राज मिस्त्री का काम कर अपने पत्नी एवं पांच बच्चे के परिवार का भरण पोषण करता था। पति के शव मिलने की सूचना पा कर मृतक के गर्भवती विधवा का रो रो कर बुरा हाल है। इस घटना के संबंध में पुछे जाने पर सअनि श्री पासवान ने बताया कि मृतक के परिवार के सदस्य फर्द बयान देने की स्थिति में नहीं है।जिसके कारण मामला दर्ज नहीं हुआ है। उधर, मुखिया विमलचंद्र खां ने सरोज के स्वजनों को कबीर अंत्येष्टि के 3000 रुपये दिए। साथ ही उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिलाया।

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Edited By Jagran

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