Bhagalpur Weather Alert: 16 किलोमीटर की रफ्तार से चल रही शीतलहर, बारिश भी होगी, जानिए... मौसम पूर्वानुमान

Bhagalpur Weather Alert भागलपुर तथा आसपास के जिलों में ठंड का प्रकोप काफी बढ़ा हुआ है। लोग परेशान हो रहे हैं। शीतलहर ने जीना मुश्किल कर दिया है। कई दिनों तक ऐसी ही स्‍थति रहेगी। बारिश की संभावना बनी हुई है।

Dilip Kumar ShuklaPublish: Thu, 20 Jan 2022 07:53 AM (IST)Updated: Thu, 20 Jan 2022 07:53 AM (IST)
Bhagalpur Weather Alert: 16 किलोमीटर की रफ्तार से चल रही शीतलहर, बारिश भी होगी, जानिए... मौसम पूर्वानुमान

संवाद सहयोगी, भागलपुर। भागलपुर शहर और आसपास के क्षेत्र में 16 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से चल रही शीतलहर लोगों का जीना दुश्वार कर दिया है। फिलवक्त आने वाले कई दिनों तक ऐसी ही स्थिति रहेगी। हालांकि दिन में धूप निकलेगी जिससे थोड़ी राहत मिलेगी। लेकिन शाम ढलते ही कनकनी बढ़ जाएगी। पहाड़ी क्षेत्र में बर्फबारी और तेज पछुआ हवा के कारण ऐसे हालात बने हुए हैं।

बिहार कृषि विश्वविद्यालय के मौसम विज्ञानी डा.वीरेंद्र कुमार ने बताया कि अभी मौसम ऐसा ही बना रहेगा। 23 जनवरी को हल्की बारिश होने के आसार हैं। तेज हवा के कारण ऐसी स्थिति बनी हुई है। आसमान में छिटपुट बादल छाया रहेगा। धूप छांव की स्थिति बनी रहेगी। सुबह देर तक धूप निकलेगी। जहां तहां कोहरा छाया रहेगा। चक्रवाती हवा से आसपास का क्षेत्र प्रभावित रहेगा।

बुधवार का अधिकतम तापमान 17, न्यूनतम तापमान 9.5 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। 97 प्रतिशत आद्रता के साथ 16.5 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से पश्चिमी हवा चल रही है। तेज गति से कोल्डवेब चल रहा है।

अस्पताल पर ठंड का असर, निबंधन काउंटर पर सन्नाटा

जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कालेज अस्पताल में भी ठंड का असर रहा। बुधवार को अस्पताल में सर्दी की वजह से कम लोग इलाज के लिए पहुंचे। इससे ओपीडी में जहां इलाज के लिए मरीजों की कतार लगी रहती थी। वहां चंद लोग ही पहुंचे। दिनभर यहां सन्नाटा पसरा रहा। सुबह 11 ही निबंधन काउंटर पर सन्नाटा छा गया। जहां हर दिन डेढ़ से दाे हजार मरीजाें का इलाज हाेता था।

वहां इसकी संख्या घटकर आधी से भी कम हो गई। 403 नए और 141 पुराने मरीज ही इलाज के लिए ओपीडी आए। जबकि पैथाेलाॅजी जांच कलेक्शन सेंटर पर भी मात्र 76 मरीज ही पहुंचे। दरअसल हाल के दिनाें में काेराेना संक्रमण व ठंड का असर एक साथ चल रहा है, इसके चलते लाेग इलाज के लिए अस्पताल अाने से परहेज कर रहे हैं। यही हाल सदर अस्पताल का भी दिखा, जहां काेराेना जांच सेंटर एक बजे ही शांत हाे गया, वहां टेक्नीशियन बैठे हुए मिले पर जांच कराने वाले नहीं आए थे।

Edited By Dilip Kumar Shukla

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