भारत में क्या बंद हो सकती हैं ऑल्टो जैसी छोटी कारें? जानें क्या कहती है रिपोर्ट

एक मीडिया को हाल ही दिए गए इंटरव्यू में भार्गव ने मेंशन किया था कि छोटी कारों से वाहन निर्माण करने वाली कंपनियां ज्यादा फायदा नहीं कमाती हैं। भारत की सबसे बड़ी कार निर्माता छोटी कारों को बंद करने से नहीं हिचकेंगी।

Atul YadavPublish: Wed, 29 Jun 2022 09:12 PM (IST)Updated: Thu, 30 Jun 2022 07:23 AM (IST)
भारत में क्या बंद हो सकती हैं ऑल्टो जैसी छोटी कारें? जानें क्या कहती है रिपोर्ट

नई दिल्ली, ऑटो डेस्क। परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने नितिन गडकरी ने जनवरी 2022 में भारत में वाहन निर्माताओं को अपने सभी नए पैसेंजर व्हीकल में छह एयरबैग लगाना अनिवार्य करने के लिए एक मसौदा प्रस्ताव जारी किया था। भारत में दुनिया की कुछ सबसे खतरनाक सड़कों के साथ यह कदम कार खरीदारों और सामान्य रूप से ऑटो उद्योग से सकारात्मक प्रतिक्रिया प्राप्त हुई थी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक भारत में छोटी कारें बंद हो सकती हैं या फिर उनकी कीमतें बढ़ सकती हैं।

भारत में कार बनाने वाली कंपनियों का मानना है कि पैसेंजर वाहनों में छह एयरबैग अनिवार्य करने से वाहन की कीमतें बढ़ेंगी और संभावित खरीदारों को गाड़ियों की खरीदने में परेशानी होगी।

मारुति सुजुकी के चेयरमैन आर सी भार्गव के मुताबिक, इस तरह के कदम से कम लागत वाली कारों की बिक्री को नुकसान होगा और पहले से ही ऊंची कीमतों से निपटने वाली कंपनियों पर दबाव बढ़ेगा।

भार्गव ने भविष्यवाणी की है कि महामारी के मद्देनजर छोटे वाहनों की बिक्री में गिरावट जारी रहेगी, जबकि बड़े महंगे वाहनों की मांग बढ़ेगी। एक मीडिया को हाल ही दिए गए इंटरव्यू में भार्गव ने मेंशन किया था कि छोटी कारों से वाहन निर्माण करने वाली कंपनियां, ज्यादा फायदा नहीं कमाती हैं। भारत की सबसे बड़ी कार निर्माता छोटी कारों को बंद करने से नहीं हिचकेगी, यदि वे अव्यवहारिक हो जाती हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक भारत में छोटी कारें बंद हो सकती हैं या फिर उनकी कीमतें बढ़ सकती हैं।

आपको जानकारी के लिए बता दें, लगभग 3 मिलियन यूनिट की वार्षिक बिक्री के साथ भारत दुनिया का पांचवां सबसे बड़ा वाहन बाजार है, जिसका नेतृत्व मारुति सुजुकी करता है, जो कि जापान की सुजुकी मोटर और कोरिया की हुंडई मोटर के स्वामित्व में है।

Edited By Atul Yadav

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