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नारायणमूर्ति ने कहा, उन्हें इन्फोसिस चेयरमैन पद छोड़ने का अफसोस

Tue, 18 Jul 2017 10:03 AM (IST)

नई दिल्ली (जेएनएन)। दिग्गज आईटी कंपनी इन्फोसिस के पूर्व संस्थापक एन आर नारायणमूर्ति ने कहा कि उन्हें साल 2014 में कंपनी का चेयरमैन पद छोड़ने का अफसोस है। उन्होंने कहा कि उन्हें अपने सह संस्थापकों की बात सुननी चाहिए थी और पद पर बने रहना चाहिए था।

मूर्ति ने कहा कि हालांकि वह रोजाना इन्फोसिस के परिसर में जाना नहीं भूलते हैं। आपको बता दें कि हाल ही में मूर्ति और कंपनी के मौजूदा प्रबंधन प्रमुख विशाल सिक्का के बीच कंपनी के कामकाज संचालन के मुद्दे को लेकर विवाद हुआ था। निजी और बतौर पेशेवर अपने सबसे बड़े अफसोस का खुलासा करते हुए उन्होंने कहा कि साल 2014 के दौरान मेरे काफी सारे सहयोगियों ने मुझसे कहा था कि मैं इन्फोसिस न छोड़ूं और कुछ और साल यहां बना रहूं।

नारायणमूर्ति ने कहा, “आम तौर पर मैं बहुत भावुक किस्म का व्यक्ति हूं। मेरे अधिकतर निर्णय आदर्शवाद पर आधारित होते हैं। शायद मुझे अपने सहयोगियों की बात माननी चाहिए थी।”

हालांकि मूर्ति ने यह स्पष्ट किया कि वो रोज परिसर में जाना नहीं भूलते हैं। इन्फोसिस में काम की शुरुआत करने के 33 साल बाद साल 2014 में मूर्ति की कंपनी से विदाई हुई थी जिसे उन्होंने 6 अन्य संस्थापकों के साथ मिलकर खड़ा किया था। मूर्ति ने बतौर सीईओ कंपनी ने 21 साल का कार्यकाल पूरा किया उसके बाद उन्होंने अपनी कमान नंदन निलेकणी को सौंप दी थी।

Tags: # Narayana Murthy ,  # Infosys ,  # regrets quitting Infosys ,  # Vishal Sikka ,  # business news in hindi , 

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